जेएनयू छात्र मुथू कृष्णन उर्फ रजनी कृष की पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद पिता ने खुदकुशी के लिए उकसाने और एसटी/एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कराया है।
वसंत विहार के मुनिरका विहार में पंखे से लटके मिले जेएनयू के दलित छात्र मुथू कृष्णन उर्फ रजनी कृष (29) के शव का बुधवार को पोस्टमार्टम हो गया। छात्र के शरीर पर किसी तरह के चोट के निशान व घाव नहीं मिले हैं।
एम्स के पांच डॉक्टरों के मेडिकल बोर्ड ने छात्र के शव का पोस्टमार्टम किया। पोस्टमार्टम की प्रारंभिक रिपोर्ट में लटकने से दम घुटने से मौत का कारण सामने आया है।
पोस्टमार्टम प्रक्रिया की दो कैमरों से वीडियोग्राफी करवाई गई और फोटोग्राफर द्वारा फोटो भी खिचवाए गए थे। पोस्टमार्टम के बाद मुथू कृष्णन का शव उसके परिजनों को सौंप दिया है।
muthu krishnan
- फोटो : अमर उजाला
परिजन शव को लेकर देर रात तमिलनाडु रवाना हो गए थे। दूसरी तरफ पुलिस मुथूकृष्णन के पिता जीवानंदनम एम की शिकायत पर खुदकुशी के लिए उकसाने व एसटी/एसटी एक्ट केतहत मामला दर्ज कर लिया है।
गौरतलब है कि हैदराबाद यूनिवर्सिटी से बीए करने के बाद छात्र मुथूकृष्णन जेएनयू से एमफिल कर रह था। वह होली वाले दिन मुनिरका विहार में रहने वाले कोरियन दोस्त गोमेन किम के घर में फंखे से लटका मिला। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस इसे खुदकुशी का मामला बता रही है।
पोस्टमार्टम के दौरान मुथू कृष्णन के शरीर पर किसी प्रकार के चोट के निशान नहीं मिले हैं। पोस्टमार्टम प्रक्रिया की दो कैमरों से वीडियोग्राफी करवाई गई और फोटोग्राफर द्वारा फोटो भी खिचवाए गए थे। मुथू कृष्ण्न के विसरा को सुरक्षित रखवाया गया है। पेट से शराब आदि जैसी कोई चीज नहीं मिली है।
पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया था
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पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया था। पुलिस परिजनों के साथ छात्र के शव को पिछले गेट से एम्स से ले गई थी। एम्स से चोरी छिपे शव को ले जाने पर जेएनयू छात्र व कुछ नेताओं में रोष है। जेएनयू के काफी मात्रा में छात्र बुधवार सुबह ही एम्स की मोर्चरी पहुंच गए थे।
मुथू कृष्णन ने खुदकुशी से पहले अपनी फेसबुक वॉल पर एक पोस्ट लिखकर जेएनयू यूनिवर्सिटी प्रशासन पर भेदभाव के आरोप लगाए हैं। परिजनों ने सीबीआई जांच कराने व उचित मुआवजा देने की मांग की है। गौरतलब है कि छात्र के परिजन व पुलिस के बीच विवाद के चलते छात्र के शव का मंगलवार को पोस्टमार्टम नहीं हो सका था।
परिजन पोस्टमार्टम से पहले एफआईआर दर्ज करने की मांग कर रहे थे। बुधवार सुबह एफआईआर दर्ज होने के बाद ही छात्र केपरिजन पोस्टमार्टम करवाने के लिए राजी हुए थे। पोस्टमार्टम के दौरान छात्रों केप्रदर्शन को देखते हुए भारी संख्या में पुलिसबल तैनात किया गया था।