आईआरसीटीसी होटल प्रबंधन घोटाले से जुड़े मनी लांड्रिंग मामले में आरजेडी नेता एवं पूर्व केंद्रीय रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव, उनकी पत्नी राबड़ी देवी व पुत्र तेजस्वी यादव तथा अन्य आरोपियों को समन जारी करने के मुद्दे पर अदालत ने फैसला सुरक्षित रख लिया है।
पटियाला हाउस अदालत के विशेष न्यायाधीश अरुण भारद्वाज ने कहा कि उन्हें चार्जशीट पर संज्ञान लेने के लिए पेश किए दस्तावेजों का अध्ययन करना है। कोर्ट ने समन के मुद्दे पर फैसला सुनाने के लिए 17 सितंबर की तारीख तय की है। कोर्ट के समक्ष प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के विशेष अधिवक्ता अतुल त्रिपाठी ने कहा कि इस मामले में लालू व अन्य आरोपियों के खिलाफ मनी लांड्रिंग का मामला बनता है।
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने पूर्व केंद्रीय रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव, उनकी पत्नी राबड़ी देवी व उनके बेटे पूर्व उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव समेत अन्य आरोपियो के खिलाफ मनी लांड्रिंग की धाराओं में 24 अगस्त को आरोप पत्र दाखिल किया था। इस चार्जशीट में लालू यादव के परिजनों के अलावा पीसी गुप्ता, सरला गुप्ता, लारा प्रोजेक्ट एलएलपी व अन्य 10 आरोपियों के खिलाफ धन शोधन रोकथाम अधिनियम की धाराएं लगाई गई हैं। दूसरी ओर सीबीआई का आरोप है कि लालू यादव समेत आईआारसीटीसी के अधिकारियों ने अपने पद का दुरुपयोग किया। इन अधिकारियों ने मिलीभगत कर रांची व पुरी स्थित आईआरसीटीसी के दो होटलों का ठेका गलत तरीके से पीसी गुप्ता की कंपनी को दिया क्योंकि वह लालू यादव के नजदीकी थे।