विधानसभा चुनाव नजदीक है लेकिन भाजपा में गुटबाजी थम नहीं रही है। संगठन में फेरबदल का सिलसिला जारी है। ताजा घटनाक्रम में प्रदेश भाजपा उपाध्यक्ष जयप्रकाश की जगह सतेंद्र सिंह को उपाध्यक्ष बनाने का है। उत्तरी दिल्ली एमसीडी स्थायी समिति के अध्यक्ष जयप्रकाश भाजपा सांसद विजय गोयल के करीबी माने जाते हैं। पार्टी सूत्रों का कहना है कि इसका खामियाजा उन्हें उठाना पड़ा। हालांकि भाजपा के दूसरे धड़े का मानना है कि अनाज मंडी अग्निकांड में जयप्रकाश के बयान को लेकर पार्टी में ही विरोध चल रहा था।
दरअसल जयप्रकाश ने अग्निकांड मामले में एमसीडी की जिम्मेदारी है या नहीं पर यह बयान दे दिया था कि बिलकुल हमारी जिम्मेदारी है, इससे हम भाग नहीं सकते। जिम्मेदारी सबकी है। यह समय जिम्मेदारी तय करने का नहीं, लोगों को राहत देने का है। इस बयान के बाद आम आदमी पार्टी ने भाजपा को कटघरे में खड़ा करते हुए कहा कि अग्निकांड की पूरी जिम्मेदारी एमसीडी की है जो भाजपा शासित है।
उधर, अचानक संगठन के फेरबदल पर यह भी सवाल उठ रहा है कि इसे ट्वीट कर बताने की क्या आवश्यकता थी। क्या प्रदेश नेतृत्व यह ढोल पीटकर बताना चाह रहे है कि उपाध्यक्ष पद से जयप्रकाश को हटा दिया गया है। यह पार्टी का अंदरूनी मामला है, परंपरा के तहत इसकी केवल मीडिया में जानकारी दी जाती रही है।
पार्टी नेताओं में यह भी चर्चा है कि शाम 5:21 बजे ट्वीट कर इसकी जानकारी दी गई। इसके कुछ ही देर बाद प्रदेश भाजपा कार्यालय में साप्ताहिक बैठक हुई। बैठक में संगठन महामंत्री ने इस फेरबदल को लेकर चर्चा तक नहीं हुई। कयास लगाया जा रहा है कि या तो संगठन महामंत्री को इसकी जानकारी नहीं थी या वह इस फैसले से सहमत नहीं है।
दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष मनोज तिवारी ने संगठनात्मक नियुक्तियों में विजय पंडित को महरौली जिले का अध्यक्ष नियुक्त किया है। पत्नी से लड़ाई के मामले में विवादित रहे आजाद सिंह को हटा कर विजय पंडित को जिला अध्यक्ष बनाया गया है।
भाजपा सांसद रमेश बिधूड़ी के विजय पंडित करीबी माने जाते है। विकास तंवर जिला महामंत्री के रूप में कार्य करते रहेंगे। पवन राठी को महरौली जिले का महामंत्री नियुक्त किया गया है। सभी नियुक्तियां तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है।