गुड़गांव के पूर्व विधायक एवं इनेलो नेता चौधरी जाकिर हुसैन ने भूमि अधिग्रहण का लेकर हुड्डा कैबिनेट के ताजा फैसले की आलोचना की है। उन्होंने इसे गुमराह करने वाला बताया है।
उन्होंने कहा कि गांव खेड़ी, रेवासन, रोजकामेव, कंवरसीका, बडेलाकी, बसी, बहादरी, रुपाहेड़ी, महरौला, धीरदूका आदि 9 गांवों का आईएमटी स्थापित करने के नाम पर हरियाणा सरकार भूमि अधिग्रहण किया था। लेकिन समझौते के शर्त के तहत जमीन देने वालों किसानों को लाभ नहीं दिया गया।
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इसकी जगह उन्हें गुमराह करने की कोशिश की गई। जाकिर बृहस्पतिवार को इसको लेकर लेकर लंबे समय से धरना दे रहे किसानों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने परिवहन मंत्री आफताब अहमद की भी आलोचना की।
उन्होंने कहा कि पीड़ित किसानों की जमीन से लगती अपने गांव खानपुर की जमीन, अहमद ने आर जोन में पास करवा ली जिससे उसकी कीमत लगभग 15-20 करोड़ रुपये प्रति एकड़ हो गई। जबकि बाकी किसानों को मुआवजा बेहद कम मिला।
उन्होंने आश्वासन दिया कि प्रदेश में इनेलो की सरकार बनने पर किसानों को इंसाफ दिया जाएगा।
इस अवसर पर धरना कार्यसमीति के सदस्य हाजी शौकत सरपंच कंवरसीका, जम्मल सरपंच खेड़ी, हाजी नूर मो, हाजी सोहराब, किसान नेता आज़ाद, हाजी जगमाल कंवरसीका, हाजी आसम खां रायसीका, पूर्व सरपंच मोहम्मद खाँ, रमजान सरपंच रोजकामेव, हमीदा, दीन मोहम्मद उर्फ धौना, ज़ाकिर रोजकामेव, हाजी खुर्शीद बडे़लाकी, कल्लू पंच, हाजी आस मौ नम्बरदार, जाहिद सरपंच मरोड़ा, अजमत पूर्व सरपंच बसी आदि मौजूद थे।