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Delhi: इंडिगो पर 22 करोड़ जुर्माना और 50 करोड़ की बैंक गारंटी, एयरलाइन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष को हटाने का निर्देश

Fri, 23 Jan 2026 02:21 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

कोर्ट ने इंडिगो के वरिष्ठ उपाध्यक्ष को पद से हटाने का निर्देश दिया है और डीजीसीए के पक्ष में 50 करोड़ रुपये की बैंक गारंटी जमा करने का आदेश दिया है।
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दिल्ली हाई कोर्ट - फोटो : ANI
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विस्तार
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दिल्ली हाई कोर्ट ने इंडिगो एयरलाइन पर बड़े पैमाने पर उड़ानें रद्द करने से फैली अव्यवस्था के मामले में 22 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है। कोर्ट ने इंडिगो के वरिष्ठ उपाध्यक्ष को पद से हटाने का निर्देश दिया है और डीजीसीए के पक्ष में 50 करोड़ रुपये की बैंक गारंटी जमा करने का आदेश दिया है। ये फैसला मुख्य न्यायाधीश देवेंद्र कुमार उपाध्याय और न्यायमूर्ति तेजस कारिया की पीठ ने बृहस्पतिवार को सुनाया। कोर्ट ने कहा कि ये गारंटी निर्देशों के पालन और लंबे समय तक व्यवस्था में सुधार के लिए है।

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सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार की ओर से पेश एडिशनल सॉलिसिटर जनरल चेतन शर्मा ने बताया कि एयरलाइन के अधिकारियों को चेतावनी भी जारी की गई है। अदालत ने उड़ानें रद्द होने और हवाई अड्डों पर फंसे यात्रियों को मुआवजा देने के बारे में पूछताछ की।

इंडिगो ने जानकारी दी कि प्रभावित यात्रियों को 10,000 रुपये के यात्रा वाउचर दिए जा रहे हैं, जिनकी वैधता एक साल है। उड़ान रद्द होने का मुआवजा पहले ही दिया जा चुका है और फंसे यात्रियों को मुआवजा देने की प्रक्रिया जारी है। इसके लिए एक समर्पित वेबसाइट लॉन्च की गई है, जहां यात्री मुआवजे के लिए आवेदन कर सकते हैं।
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याचिकाकर्ता की ओर से तर्क दिया गया कि इंडिगो ने फंसे यात्रियों को ट्रैवल वाउचर दिए हैं, लेकिन उनके उपयोग की समय सीमा तय कर दी है। इस पर पीठ ने इंडिगो को हलफनामा दाखिल कर यात्रियों को दिए जा रहे मुआवजे की विस्तृत जानकारी 25 फरवरी को अगली सुनवाई में देने को कहा है।

ये मामला 3 से 5 दिसंबर 2025 को इंडिगो द्वारा बड़े पैमाने पर उड़ानें रद्द करने से जुड़ा है। अधिवक्ता अखिल राणा और उत्कर्ष शर्मा ने जनहित याचिका दायर कर न्यायिक जांच की मांग की थी। इसमें इंडिगो ने बिना पूर्व चेतावनी के 2,507 उड़ानें रद्द कीं और 1,852 उड़ानों में देरी हुई, जिससे हवाई अड्डों पर लाखों यात्री फंस गए और अफरा-तफरी मच गई। कोर्ट ने तथ्यों को रिकॉर्ड पर लिया और डीजीसीए की दाखिल कार्रवाई रिपोर्ट को भी स्वीकार किया।

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