हंगरी में आयोजित हुई थी केटलबेल वर्ल्ड मैराथन प्रतियोगिता
22 देशों के 200 से अधिक खिलाड़ियों के बीच 15 सदस्यीय भारतीय टीम गई थी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। हंगरी के सेग्लेड शहर में आयोजित आईकेएमएफ (वर्ल्ड केटलबेल मैराथन चैंपियनशिप-2025, भाग-2) में भारतीय टीम ने शानदार प्रदर्शन किया। प्रेस क्लब ऑफ इंडिया में सोमवार को संवाददाता सम्मेलन में भारत की पहली पैरालंपिक पदक विजेता एवं एशियन पैरालंपिक कमेटी की बोर्ड सदस्य पद्मश्री डॉ. दीपा मलिक, वरिष्ठ खिलाड़ी सुदेश सांगवान, दिल्ली विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष डॉ. योगानंद शास्त्री, कोच विनय सांगवान आदि ने टीम के प्रदर्शन के बारे में जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि 22 देशों के 200 से अधिक खिलाड़ियों के बीच 15 सदस्यीय भारतीय दल ने 25 पदक जीतकर केटलबेल खेल के इतिहास में नया अध्याय जोड़ा है। इस टीम की विशेषता यह रही कि इसमें नौ महिलाएं शामिल थीं, जिससे यह एक महिला-प्रधान भारतीय दल के रूप में उभरी और अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारतीय महिला शक्ति का सशक्त प्रदर्शन हुआ। डॉ. दीपा मलिक ने भविष्य में ऐसे खेलों को और अधिक समर्थन देने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। 70 वर्षीय सुदेश सांगवान ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर स्वर्ण पदक जीतना उनके लिए गर्व का क्षण है और यह संदेश देता है कि फिटनेस की कोई उम्र नहीं होती। कोच विनय सांगवान ने जानकारी दी कि उन्होंने स्वयं एक स्वर्ण और एक कांस्य पदक जीतने के साथ मास्टर ऑफ स्पोर्ट की उपाधि प्राप्त की। वहीं पल्लवी सांगवान ने चार पदक जीतकर नया कीर्तिमान स्थापित किया। अन्य खिलाड़ियों ने भी विभिन्न वर्गों में पदक जीतकर भारत के खाते में योगदान दिया।