स्नातकों को रोजगार देने के मामले में भारत के चार संस्थानों ने दुनिया के शीर्ष 200 संस्थानों में अपनी जगह बनाई है। सूची में एमआईटी अव्वल और स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी दूसरे नंबर पर है। बृहस्पतिवार तड़के लंदन में जारी क्यूएस ग्रेजुएट एम्प्लायबलिटी रैंकिंग 2020 की सूची में ये चार संस्थान हैं- आईआईटी दिल्ली, आईआईटी बॉम्बे, आईआईटी मद्रास और दिल्ली विश्वविद्यालय। 2019 तीन ही भारतीय संस्थानों को जगह मिली थी।
क्यूएस के शोध निदेशक बेन सोटर के मुताबिक, इस सूची में एमआईटी लगातार दूसरी बार पहला स्थान हासिल करने में कामयाब रहा है। इसमें स्टैनफोर्ड दूसरे, यूसीएलए तीसरे, यूनिवर्सिटी ऑफ सिडनी चौथे, हावर्ड यूनिवर्सिटी पांचवें, सिन्हुआ यूनिवर्सिटी छठे, ऑस्ट्रेलिया की मेलबर्न यूनिवर्सिटी सातवें, यूनिवर्सिटी ऑफ कैंब्रिज आठवें, यूनिवर्सिटी ऑफ हांगकांग नौवें व यूनिवर्सिटी ऑफ ऑक्सफोर्ड दसवें स्थान पर है।
पांच मानकों पर तय होती है रैंकिंग
बेन सोटर के मुताबिक, शिक्षण संस्थानों की रैंकिंग की परख पांच कसौटियों नियोक्ता की साख, एल्युमनाई आउटकम, नियोक्ता के साथ साझेदारी, नियोक्ता-छात्र संबंध और स्नातक रोजगार दर के आधार पर होती है। सबसे ज्यादा स्कोर पाने वालों में आईआईटी बॉम्बे 54 फीसदी, आईआईटी दिल्ली 45ट़ी मद्रास 42.6 और दिल्ली विश्वविद्यालय 39.01 फीसदी हैं। जबकि शीर्ष 500 की सूची में कलकत्ता विश्वविद्यालय को 17 फीसदी स्कोर मिला है।
| संस्थान |
रैंक |
| आईआईटी बॉम्बे |
111-120 |
| आईआईटी दिल्ली |
151-160 |
| आईआईटी मद्रास |
171-180 |
| दिल्ली विश्वविद्यालय |
191-200 |
| आईआईटी खड़गपुर |
201-250 |
| बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड साइंस |
251-300 |
| बॉम्बे विश्वविद्यालय |
251-500 |
| आईआईएससी बंगलूरू |
301-500 |
| आईआईटी कानपुर |
301-500 |
| कलकत्ता विश्वविद्यालय |
301-500 |