नालों की सफाई के लिए नगर निगम ने मंगलवार को कैलाश नगर के पास अभियान चलाया तो दुकानदारों ने हंगामा कर दिया।
उन्होंने दुकानों के बाहर बने रैंप को तोड़ने का विरोध किया। आरोप है कि निगम कर्मियों ने किसी दुकान के बाहर रैंप छोड़ दिया और कहीं तोड़ दिया। हंगामा बढ़ा तो स्थानीय पुलिस, निगम अधिकारी और पार्षद भी मौके पर पहुंचे।
हालांकि बाद में दुकानदारों को शांत कराकर नालों से स्लैब हटाए गए। इस दौरान करीब डेढ़ घंटे तक हंगामा चला। इसके चलते गौशाला अंडरपास पर ट्रैफिक जाम हो गया।
बारिश के दौरान अंडरपास में जलभराव के चलते स्थानीय लोगों ने नगर निगम से नाले और अंडरपास से हिंडन तक डाली गई पाइप लाइन साफ करने की मांग की थी।
व्यापार मंडल के कोषाध्यक्ष विपिन अग्रवाल ने बताया कि मंगलवार की सुबह करीब 11 बजे नगर निगम के कर्मचारी जेसीबी लेकर पहुंचे और दुकानों के बाहर डाले गए स्लैब को तोड़ना शुरू कर दिया।
कहीं स्लैब छोड़ दिए गए और कहीं हटा दिए गए। इसको लेकर दुकानदारों ने विरोध किया और घरों के रास्ते पर डले स्लैब छोड़ने की मांग की।
आरोप है कि स्थानीय पार्षद महेश यादव के कहने पर कर्मचारियों ने ऐसे स्लैब भी तोड़ दिए गए तो नाला सफाई में बाधक नहीं बन रहे थे। इसको लेकर विरोध शुरू हो गया।
बाद में नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.आरके यादव और सफाई निरीक्षक मौके पर पहुंचे और पुलिस की मदद से व्यापारियों को शांत कराया। इसके बाद नाला सफाई का काम किया गया।
पार्षद महेश यादव का कहना है कि नालों पर स्लैब डलने की वजह से सफाई नहीं की जा रही थी। इसकी वजह से जलभराव हो रहा था।