दिवाली पर वायु प्रदूषण बढ़ने के बाद दिल्ली सरकार ने ऑड-ईवन लागू करने की योजना तैयार कर ली है। सरकार का कहना है कि अगर जरूरत पड़ी तो दिल्ली में एक बार फिर ऑड-ईवन स्कीम लागू की जाएगी।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि ग्रेप के तहत प्रदूषण से निपटने से सारे इंतजाम सरकार ने पहले ही कर रखे हैं। अगर 48 घंटे तक दिल्ली में वायु की गुणवत्ता खतरनाक स्तर पर बनी रहती है, तो ग्रैप के तहत सम-विषम योजना लागू की जा सकती है।
इस दौरान सीएनजी वाहन व दुपहिया वाहनों समेत जरूरी सेवाएं देने वाले दूसरे वाहनों को योजना के दायरे में नहीं लाया जाएगा।
भारी वाहनों के दिल्ली में प्रवेश पर रोक
प्रदूषण के खतरनाक स्तर पर पहुंचते ही बृहस्पतिवार रात 11 बजे से 11 नवंबर की रात 11 बजे तक ट्रकों सहित तमाम भारी वाहनों के दिल्ली में प्रवेश पर रोक लगा दी गई है। हालांकि यह प्रतिबंध आवश्यक वस्तुओं को लेकर आ रहे वाहनों पर लागू नहीं होगा।
प्रदूषण के खराब होते स्तर को देखते हुए पर्यावरण प्रदूषण नियंत्रण प्राधिकरण (ईपीसीए) की ओर से ट्रकों सहित तमाम भारी वाहनों और मध्यम दर्जे के माल ढुलाई करने वाले वाहनों के दिल्ली में प्रवेश पर पाबंदी लगाने के निर्देश दिए गए थे।
इस प्रतिबंध के बाद 11 नवंबर की रात तक दिल्ली में करीब तीन लाख वाहनों को प्रवेश नहीं मिलेगा। प्रदूषण की बिगड़ती स्थिति में सुधार की उम्मीद के मद्देनजर यह फैसला लिया गया है। दिल्ली पुलिस ने हरियाणा व यूपी पुलिस से संपर्क साधा है।
ईपीसीए के निर्देश मिलने के बाद दिल्ली सरकार ने नगर निगमों और दिल्ली पुलिस से भी इसे सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए हैं। प्रदूषण पर शिकंजा कसने के लिहाज से ईपीसीए की ओर से निर्देश जारी किया गया।
रोज करीब 90 हजार ट्रक व अन्य भारी वाहनों समेत मध्यम दर्जे के माल ढुलाई करने वाले वाहनों का दिल्ली में प्रवेश होता है। भारी वाहनों की वजह से प्रदूषण में और बढ़ोतरी की आशंका को देखते हुए यह प्रतिबंध लगाया गया है।
इस दौरान दिल्ली की सभी सीमाओं से लगते टोल बूथों से ट्रकों सहित तमाम भारी और मध्यम दर्जे के वाहनों को प्रवेश से रोका जाएगा। इस संबंध में निगम अधिकारियों की बैठक में प्रतिबंध को लागू करने संबंधी तमाम पहलुओं पर चर्चा के बाद प्रारूप तैयार कर रात से ही लागू कर दिया गया।
आवश्यक वस्तुएं लाने वाले ट्रकों पर पाबंदी नहीं
प्रतिबंध के दौरान रोज फल, सब्जी, दूध, दवाएं सहित अन्य आवश्यक वस्तुएं लेकर आने वाले ट्रकों पर पाबंदी नहीं होगी। सभी टोल प्लाजा पर कर्मियों और पुलिस टीम भी मुस्तैद रहेंगी, ताकि भारी वाहनों को दिल्ली में प्रवेश करने से रोका जा सके।