अब तक 224 कोरोना पॉजिटिव मरीज मिल चुके हैं, लेकिन जिस अनुपात में मरीजों का आंकड़ा बढ़ रहा है, उस अनुपात में कोरोना टेस्ट नहीं हो पा रहे हैं। 18 लाख से अधिक जनसंख्या वाले जिले में अब तक सिर्फ 4034 टेस्ट ही हो पाए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि संक्रमण को रोकने के लिए टेस्टिंग जरूरी है, ताकि मरीज मिलते ही तुरंत इलाज शुरू हो सके।
स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, सोमवार को नहीं लिया गया एक भी नमूना
कई देशों ने ज्यादा से ज्यादा टेस्टिंग तकनीक को अपनाकर ही कोरोना का ग्राफ कम किया है। लेकिन जिले में टेस्टिंग सुविधा काफी नहीं होने से स्वास्थ्य विभाग नमूने लेने से बच रहा है। 11 मई को विभाग ने एक भी सैंपल जांच के लिए नहीं लिया। 10 मई को सिर्फ 53 लोगों के सैंपल जांच के भरे थे।
वहीं, 9 मई को केवल 83 सैंपल लिए गए थे। 5 मई तक स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट में कुल 3722 सैंपल जांच के लिए भरे गए थे और 11 मई तक 4034 सैंपल लिए गए थे। यानी 6 दिनों में सिर्फ 312 नमूने लिए गए। यह गिनती जिले की जनसंख्या के अनुसार से कम है।
ज्यादा आबादी वालों सेक्टरों में कैसे हो पाएगी जांच
सेक्टर-8, 9, 22, 74 और 137 समेत कई सेक्टरों में काफी पॉजिटिव मरीज सामने आए हैं। इसमें काफी पॉजिटिव मरीज ऐसे थे, जिनमें वायरस के लक्षण नहीं दिख रहे थे। सिर्फ पॉजिटिव मरीज के संपर्क में आने के आधार पर इनकी जांच की गई थी। ऐसे में अन्य मरीज भी हो सकते हैं, जिसमें लक्षण नहीं दिख रहे हैं, लेकिन यह दूसरों को संक्रमित कर सकते हैं।
चाइल्ड पीजीआई पर टिकी निगाहें
चाइल्ड पीजीआई में आज से कोरोना की टेस्टिंग शुरू होगी। उम्मीद जताई जा रही है कि शुरुआत में प्रतिदिन 50 से 100 करीब नमूनों की जांच होगी। उसके बाद टेस्टिंग बढ़ाई जाएगी। यहां पर 12 घंटे में रिपोर्ट आ जाएगी। चाइल्ड पीजीआई के निदेशक डॉ. डीके गुप्ता का कहना है कि मंगलवार से टेस्ट शुरू हो जाएंगे। धीरे-धीरे करके टेस्टों की संख्या बढ़ाई जाएगी।
तारीख कुल लिए गए सैंपल एक दिन में लिए गए सैंपल
1 मई 3618 26
2 मई 3664 46
3 मई 3697 33
4 मई 3722 25
5 मई 3722 0
6 मई 3809 87
7 मई 3854 45
8 मई 3898 44
9 मई 3981 83
10 मई 4034 53
11 मई 4034 0