हाईकोर्ट ने राजधानी के अस्पतालों में एंटी रैबीज टीका उपलब्ध न होने के मुद्दे पर केंद्र और दिल्ली सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। कोर्ट ने एमसीडी और एनडीएमसी को भी नोटिस जारी किया है। मुख्य न्यायाधीश राजेंद्र मेनन और न्यायमूर्ति एजे भंभानी की खंडपीठ ने एक अधिवक्ता की जनहित याचिका पर यह नोटिस जारी करते हुए सुनवाई के लिए छह मई की तारीख तय की है।
याचिका में कहा गया है कि राजधानी के किसी भी सरकारी अस्पताल में रैबीज का टीका कई माह से उपलब्ध नहीं है। इस संबंध में केंद्र और दिल्ली सरकार को एक सितंबर 2018, चार मार्च 2019 और नौ मार्च 2019 को ईमेल के माध्यम से अवगत भी कराया गया था, लेकिन किसी भी सरकार और विभाग द्वारा कोई उचित कार्रवाई नहीं की। दैनिक समाचार पत्रों से यह जानकारी मिली कि पूरी दिल्ली में कुत्तों-बंदरों आदि जानवरों के काटे जाने की रैबीज वैक्सीन/इंजेक्शन किसी भी अस्पताल में उपलब्ध नहीं है।
याचिका में कहा गया है कि यह देश की राजधानी के लिए बहुत ही दयनीय स्थिति है, जबकि स्वास्थ्य के लिए सरकारें कई प्रकार की योजनाएं चला रही हैं।
याचिका में सभी अस्पतालों में इसके लिए एक्सपर्ट टीम का गठन करने और वैक्सीन की नियमित आपूर्ति की निगरानी करने का दिशा-निर्देश देने की मांग की गई है ताकि लोगों की सुरक्षा के अधिकार के तहत उन्हें यह वैक्सीन समय से मुहैया कराई जा सके।