गुरुग्राम। फर्जी कागजात से प्लॉट बेचकर करोड़ों रुपये की ठगी करने के मामले में गुरुग्राम पुलिस ने महिला समेत 1-1 लाख रुपये के तीन बदमाशों को सेक्टर-39 स्थित एक गेस्ट हाउस गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई अपराध शाखा डीएलएफ फेस-4, सुशांत लोक और गुरुग्राम थाना पुलिस ने संयुक्त रूप से की।
पुलिस के मुताबिक, ठगी का मास्टरमाइंड पहले बड़ी प्रॉपर्टी की रेकी करता था। इसके बाद उस जमीन के फर्जी दस्तावेज बनवाता। इसके बाद वह खरीदारों को फंसाकर ठगी कर लेता। पुलिस की गिरफ्त में आए बदमाश लुधियाना के टीबा रोड निवासी कविता रानी उर्फ रिया, जालंधर के साहा कुली बस्ती निवासी राहुल व पंजाब के ही कपू्रथला के निवासी रणवीर कुमार हैं। इनके पास से फर्जी आधार कार्ड भी बरामद किए गए हैं। गिरोह का सरगना अभी हाथ नहीं आया है।
वर्ष 2019 में सामने आया था मामला
गुरुग्राम पुलिस को 2019 में अंसल कंपनी की तरफ से आवंटित प्लॉटों को फर्जी तरीके से बिक्री करने की शिकायतें मिली थीं। प्लॉट मालिकों ने थाना सुशांत लोक में 8 और सेक्टर-29 थाने में 1 शिकायत दी थी। पुलिस आयुक्त ने मामले का संज्ञान लिया था। उनके निर्देश पर गठित एसआईटी में डीसीपी ईस्ट, एसीपी डीएलएफ और अन्य पुलिस अधिकारियों को रखा गया था। एसआईटी को जांच के दौरान फर्जीवाड़े में शामिल आरोपियों के पंजाब से संपर्क होने की बात पता चली थी। इसी क्रम में जांच के बाद पुलिस ने 5 फरवरी को सेक्टर-39 स्थित गेस्ट हाउस से महिला समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया।
बैंक खातों में 6 माह में 523 करोड़ का लेनदेन
सहायक पुलिस आयुक्त (क्राइम) प्रीतपाल ने बताया कि आरोपियों के विभिन्न बैंक खातों में 6 माह के दौरान 523 करोड़ रुपये का लेन-देन किया गया है। गिरोह के मास्टरमाइंड के खिलाफ फर्जी दस्तावेज से लोन लेने के 4 मामले दर्ज पहले से दर्ज हैं। पूछताछ में कविता रानी उर्फ रिया ने बताया कि उसने साथियों के साथ मिलकर जालसाजी की नीयत से गुरुग्राम में सी-1774 सुशांत लोक के पते पर फर्जी नाम (रिया सहगल पत्नी अजय सहगल) से पासपोर्ट भी बनवा रखा है। फर्जी नाम से ही बैंक खाता भी खुलवाया है। इसमें फर्जी तरीके से प्लॉट बेचकर मिले पैसों का लेनदेन किया जाता था। इसी फर्जी बैंक खाते से 1 करोड़ 50 लाख रुपये का लेनदेन किया गया है।
जेल से निकलने के बाद शुरू किया फर्जीवाड़ा
आरोपियों से पूछताछ में पता चला है कि गिरोह के मास्टरमाइंड और मुख्य आरोपी संजय कथूरिया ने वर्ष-2018 में जेल से निकलने के बाद गुरुग्राम में अंसल कंपनी के प्लॉटों की रेकी शुरू की थी। उसने संदीप उर्फ मोटा, अजय सहगल उर्फ मोटा उर्फ आलोक कुमार, राकेश कुमार उर्फ राम निवासी फगवाड़ा पंजाब के साथ मिलकर फर्जी कागजात से प्लॉट बेचने की योजना बनाई। इस काम में उसने कविता रानी को भी शामिल कर लिया।