संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। अपनी मांगों को लेकर पिछले लंबे समय से आईएमटी सोहना में धरने पर बैठे नौ गांवों ने सोमवार को प्रदेश के उद्योग मंत्री राव नरबीर सिंह से मुलाकात की और अपनी मांगों को पूरी करने की मांग की। लेकिन मंत्री राव नरबीर सिंह ने उनकी मांगों को गलत बताते हुए धरना प्रदर्शन समाप्त कर देने की बात कही। वहीं, इस धरने का नेतृत्व कर रहे छह किसानों के खिलाफ हाल ही में पुलिस ने सरकारी काम में बाधा डालने के आरोप में मुकदमा भी दर्ज किया है।
आईएमटी सोहना के लिए वर्ष 2009 में अधिग्रहित की गई नौ गांवों की 1600 एकड़ जमीन के मुआवजे को लेकर किसान कई वर्षों से संघर्ष कर रहे हैं। पिछले करीब एक वर्ष से वे लगातार धरना देते हुए आईएमटी में चल रहे विकास कार्यों को भी कई बार रोक चुके हैं, जिसे लेकर कई बार किसानों और प्रशासन का आमना-सामना भी हो चुका है। सोमवार को ग्रीवेंस कमेटी की मीटिंग की अध्यक्षता करने नूंह आए मंत्री राव नरबीर सिंह से मुलाकात करने के लिए ट्रैक्टर, ट्रॉलियों में भरकर बड़ी संख्या में किसान, महिला एवं बच्चे लघु सचिवालय पहुंचे। जहां पर पुलिस ने उन्हें सचिवालय के बाहर ही रोक दिया। उसके बाद किसानों के प्रतिनिधिमंडल को मंत्री से मिलने की अनुमति दी गई, लेकिन किसानों की मुलाकात बेनतीजा रही। मंत्री ने कहा कि सरकार इन किसानों को दो-तीन बार मुआवजा दे चुकी है और अब इन्हें यह धरना समाप्त कर देना चाहिए। इसके कारण मेवात का विकास प्रभावित हो रहा है।