संवाद न्यूज एजेंसी
नई दिल्ली। दिल्ली मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण (एमएसीटी) ने 2023 में हुए एक सड़क हादसे के दौरान स्थायी दिव्यांगता का शिकार हुए एक शिक्षक को 31.41 लाख रुपये से अधिक मुआवजा देने का आदेश दिया है।
हादसे में शिक्षक की पत्नी की मृत्यु हो गई थी। अधिकरण की पीठासीन अधिकारी गुंजन गुप्ता ने अपने आदेश में कहा कि याचिकाकर्ता दलवीर सिंह ने साबित किया था कि उक्त सड़क दुर्घटना में चालक अंकित गोयल की लापरवाही के कारण हादसा हुआ था।
अधिकरण ने पाया कि दुर्घटना के समय 51 वर्षीय दलवीर सिंह एक शारीरिक शिक्षा शिक्षक थे और उनका मासिक वेतन 25,290 रुपये था। हादसे के बाद उन्हें दाहिने पैर में 65 प्रतिशत स्थायी दिव्यांगता हुई। याचिका के अनुसार, 26 जनवरी 2023 को दलवीर सिंह अपनी पत्नी, पुत्र तथा एक अन्य व्यक्ति के साथ नई दिल्ली रेलवे स्टेशन जा रहे थे। शिवाजी पार्क मेट्रो स्टेशन के पास पीछे से तेज गति से आ रही एक कार ने उनकी गाड़ी को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद उनकी गाड़ी मेट्रो के खंभे से जा टकराई। अधिकरण ने कहा कि दुर्घटना में दलवीर सिंह गंभीर रूप से घायल हुए, जबकि उनकी पत्नी सुमन की मृत्यु हो गई।