जुर्माना भी लगाया, अदालत ने चार आरोपियों की बरी किया
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। स्क्रैप कारोबारी की घर के पास गोली मारकर हत्या करने के मामले में जिला अदालत ने सात आरोपियों को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने जोगिंदर, हरेंद्र, बिट्टु, मोहित, भूपेंद्र और अमित पर 1.60 लाख रुपये और प्रहलाद पर 2.10 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। इस मामले में अदालत ने चार आरोपियों की बरी कर दिया है। यह आदेश अतिरिक्त सत्र एवं न्यायाधीश सुनील कुमार दीवान की अदालत ने दिया है। मृतक सुमित के पिता की शिकायत पर बिलासपुर थाना पुलिस ने मामला दर्ज किया था।
भोड़ाकलां निवासी दिनेश ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह अपने बेटे सुमित के साथ स्क्रैप का कारोबार करते थे। 28 मार्च 2021 की रात को उनके ही गांव के हरेंद्र, जितेंद्र और अशोक उनके गोदाम पर आकर चौकीदार के साथ मारपीट करने लगे। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचे बेटे की उनसे कहासुनी हो गई थी। उन्होंने पुलिस को शिकायत दी थी। इसके बाद उनका समझौता हो गया था।
उन्होंने बताया कि एक सितंबर 2022 को उनका बेटा मोटरसाइकिल से एक युवक के साथ घर की तरफ आ रहा था। वह अपने बेटे से करीब 20-25 फीट पीछे चल रहे थे। रात करीब साढ़े नौ बजे उनके गांव के ही रहने वाले जोगिंदर, हरेंद्र, प्रहलाद, भूपेंद्र, मोहित ,बिट्टु और अमित ने बेटे को गोली मार दी थी।
पहली गोली कमर में लगी, फिर उसके सिर में गोली मार दी। उन्होंने उसे अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती कराया ,जहां पर चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। उनका कहना है कि हमलावर उनके व्यापार से चिढ़ते हैं। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए प्रहलाद, जोगिंद्र, हरेंद्र, बिट्टु, मोहित, भूपेंद्र, अमित, योगेश , जितेंद्र, सोमबीर और सुमित को गिरफ्तार किया था। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद प्रहलाद, जोगिंद्र, हरेंद्र, बिट्टु, मोहित, भूपेंद्र और अमित आजीवन कारावास की
सजा दी है और योगेश, जितेंद्र, सोमबीर व सुमित को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया।