सेक्टर-84 के निवासियों ने सोशल मीडिया पर उठाया मुद्दा, सेक्टर-79 और सेक्टर-34 में भी लोगों ने की शिकायत
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। शहर में मल्टीस्टोरी बिल्डिंग के निर्माण के लिए रिहायशी और औद्योगिक इलाकों के बीच बने आरएमसी (रेडी मिक्स कंकरीट) प्लांट से निकलने वाली सीमेंट की धूल के कारण प्रदूषण बढ़ रहा है। इससे आसपास रहने वाले लोगों ने सांसों में तकलीफ की शिकायत की। मंगलवार को सेक्टर-84 स्थित तीन आरएमसी प्लांट से निकले वाली धूल को इलाके के निवासियों ने सोशल मीडिया पर साझा करते हुए इसे रिहायशी क्षेत्र से दूर ले जाने की मांग की है। सेक्टर-84 में अंतरिक्ष हाईट्स, वाटिका सिटी का पी ब्लॉक, कोरलवुड, पीवोटल दीवान और स्पेज प्रीवी सोसाइटियां हैं। इलाके के निवासी विवेक चौहान ने बताया एक निर्माणाधीन प्रोजेक्ट के तीन आएमसी प्लांट लगाए गए हैं, जो सोसाइटियों के बीच में हैं, इनसे काफी सीमेंट निकलती है। हमलोग अपनी बालकनी में बैठ नहीं सकते। सांसों से फेफड़े तक यह धूल पहुंचती है।
औद्योगिक इलाके भी अछूते नहीं
सेक्टर-34 बहरामपुर औद्योगिक क्षेत्र में तीन आरएमसी प्लांट से निकलने वाली सीमेंट की धूल के कारण उद्यमी परेशान हैं। इलाके के उद्यमी सुनील जैन ने बताया कि यहां 20,000 से ज्यादा कर्मी काम के लिए आते हैं। औद्योगिक इकाइयों में आने वाले कर्मियोें को हवा में प्रदूषण से काफी दिक्कत आती है। वहीं, सेक्टर-79 में दो आरएमसी प्लांट और एक फ्लाई एस ब्रिक्स प्लांट से होने वाले प्रदूषण की शिकायत निवासी करते रहे हैं। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड समेत अधिकारियों को लोगों ने इसकी शिकायत भेजी है। लोगों ने अरावली के गिर्द होने और आस-पास प्रदूषण कम होने के कारण यहां लोगों ने घर खरीदे थे। इस इलाके में मैप्सको माउंटविले, गोदरेज 101, गोदरेज आरिया, सुपरटेक अराविले, बेस्टेक अल्टूरा, सिग्नेचर गोल्फ ग्रीन, मानसून ब्रिज के अलावा नाैरंगपुर गांव और एनसजी कैंप में रहने वालों को परेशानियों को सामना करना पड़ रहा है।
आरएमसी प्लांट कर रहे सेहत पर वार
छह रिहायशी सोसाइटियों के बीच में एक निर्माणाधीन प्रोजेक्ट ने आरएमसी प्लांट लगा रखा है। इससे हवा में सीमेंट की धूल फैल रही है। बच्चों, बुजुर्गों और सांस के रोगियों को काफी परेशानी हो रही है। प्लांट को रिहायशी इलाके से बाहर ले जाया जाना चाहिए। -विपिन चौहान, सेक्टर 84
सेक्टर-34 के बहरामपुर रोड औद्योगिक क्षेत्र में कई तरह की दिक्कतें हैं, इनमें से सबसे प्रमुख प्रदूषण संबंधित यह परेशानी है। आरएमसी प्लांट के कारण कर्मियों को काफी दिक्कत आ रही है। सीमेंट की धूल से सांसों में तकलीफ बढ़ रही है। -संदीप बहल, उद्यमी सेक्टर-34
यहां रहने वाली करीब 10,000 परिवार आरएमसी प्लांट और ब्रिक्स प्लांट के कारण होने वाले प्रदूषण से परेशान हैं। यहां तो कच्चे माल की गाड़ियां पहुंचती हैं, वे भी नियमों का पालन नहीं करती हैं। कई बार शिकायत कर चुका हूं। -धीरेंद्र कुमार सिंह, पूर्व आरडब्ल्यूए अध्यक्ष मैप्सको माउंटविले