रमेश अग्रवाल (65) की शुक्रवार को अपने अपार्टमेंट की 20वीं मंजिल से गिरकर हुई मौत के मामले में शनिवार को पुलिस की टीम पूछताछ के लिए डीएलएफ फेज-4 स्थित उनके घर द क्रेस्ट कंडोमिनियम पहुंची।
पुलिस के मुताबिक परिवार वालों के दुख और उनको पहुंचे सदमे को देखते हुए बयान की कार्रवाई नहीं हो सकी। पुलिस ने सोसाइटी के कुछ सुरक्षा कर्मी और निवासियों से पूछताछ की। यह भी जानकारी जुटाई कि सोसाइटी में इस तरह किसी के गिरने की पहले तो कोई घटना नहीं हुई है।
पुलिस ने वहीं के एक सिविल इंजीनियर से यह भी जानने का प्रयास किया कि इतनी ऊंचाई की रेलिंग लगे होने पर क्या कोई व्यक्ति हादसे का शिकार हो सकता है? इसके साथ ही पुलिस ने 20वीं मंजिल का वह स्थान जहां से रमेश अग्रवाल के गिरने की बात कही जा रही है और नीचे वह जगह जहां पर वह गिरे थे, दोनों स्थानों के कोण की माप भी ली है।
पुलिस जानना चाहती है कि अगर 20वीं मंजिल की ऊंचाई से कोई 65-70 किलो भार की वस्तु सामान्य रूप से गिरे तो क्या उसके गिरने का स्थान वही होगा? थाना पुलिस के मुताबिक यह भी बिंदु अभी जांच का विषय हैं।
तीन दिन पहले ही रितेश अग्रवाल की शादी हुई थी। जांच का विषय यह भी है कि शादी के तीन बाद ही ऐसा बड़ा हादसा कैसे हो गया। परिजनों की तरफ से कोई भी शिकायत पुलिस को नहीं दी गई थी।