गुरुग्राम। जिले में कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर तेज होते ही अब अस्पतालों में भी मरीजों के भर्ती होने का सिलसिला बढ़ गया है। महज एक माह पहले तक अस्पतालों में 98 फीसदी से ज्यादा बेड खाली थे लेकिन अब यह आंकड़ा 70 फीसदी पर पहुंच गया है। उसमें भी चिंता की बात यह है कि आईसीयू में भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या सबसे ज्यादा ज्यादा है।
जिले में कोरोना मरीजों के लिए कुल 2754 बेड आरक्षित हैं, जिसमें से 1937 बेड खाली हैं जबकि प्रदेश में कोरोना मरीजों के लिए 8053 बेड आरक्षित हैं, जिसमें से 6130 बेड खाली हैं। जिले में आईसीयू मरीजों के लिए आरक्षित बेड में से अब तक 43 फीसदी बेड मरीजों से भर चुके हैं और जिस तेजी से रोजाना नए मरीज आ रहे हैं, उसको देखते हुए कहा जा सकता है कि आगामी दिनों में अस्पतालों में मरीजों की संख्या और भी ज्यादा बढ़ेगी। कोरोना मरीजों के लिए जिले के अस्पतालों में 2821 बेड आरक्षित हैं, जिसमें से 817 मरीजों का अस्पतालों में इलाज चल रहा है।
प्रदेश की स्थिति जिले से बेहतर
प्रदेश में कोरोना मरीजों के लिए आरक्षित कुल बेड की बात करें तो जिले की स्थिति ज्यादा गंभीर है। प्रदेश में इस समय 24 फीसदी बेड मरीजों से भर चुके हैं जबकि गुरुग्राम में यह आंकड़ा 30 फीसदी है। वहीं, प्रदेश के समग्र आंकड़ों पर गौर करें तो अब भी 70 फीसदी से ज्यादा आईसीयू बेड खाली पड़े हैं। प्रदेश भर में आईसीयू के कुल 1055 बेड हैं, जिसमें से 722 बेड खाली हैं जबकि जिले में इस समय 56 फीसदी आईसीयू बेड ही खाली हैं। वहीं, वेंटिलेटर की बात करें तो प्रदेश में वेंटिलेटर युक्त 86 फीसदी बेड खाली हैं जबकि गुरुग्राम में यह आंकड़ा 63 फीसदी पर पहुंच चुका है।
जिले में कोरोना के लिए आरक्षित बेड की स्थिति
बेड के प्रकार कुल बेड खाली
आइसोलेशन - 2177 - 1595
आईसीयू - 378 - 215
वेंटिलेटर - 199 - 127
प्रदेश में कोरोना के लिए आरक्षित बेड की स्थिति
बेड के प्रकार कुल बेड खाली
आइसोलेशन 6506 5006
आईसीयू 1055 722
वेंटिलेटर 492 402