अरावली अंसल फार्म हाउस के पास क्लिनिक चलाता था झोलाछाप तारीफ
मोहम्मद शाहिद मेवाती।
तावडू। नूंह जिले के तावडू उपमंडल के गांव कांगरका से जासूसी के आरोप में गिरफ्तार तारीफ पुत्र हनीफ मोहम्मद 2018 से 2024 तक तीन बार पाकिस्तान जा चुका है। चौथी बार जाने की तैयारी में था, लेकिन जांच एजेंसियों ने उसे दबोच लिया। तारीफ की पाकिस्तान में रिश्तेदारी है। तारीफ झोलाछाप है और अरावली अंसल फार्म हाउस के पास क्लिनिक चलाता था।
जानकारी के अनुसार, 2018 में दिल्ली स्थित पाकिस्तान उच्चायोग में उसकी मुलाकात वहां के अधिकारी आसिफ बलोच से हुई थी। तारीफ ने स्वीकार किया कि आसिफ ने उससे दो भारतीय सिम मांगे थे, जो उसने नूंह से खरीदकर दिए। इसके बाद दोनों के बीच सांठगांठ बढ़ी। आसिफ ने पाकिस्तान का वीजा दिलवाने के नाम पर लोगों को उसके पास भेजने का प्रस्ताव दिया। इससे कमीशन के रूप में मोटी कमाई की बात हुई। तारीफ ने खुद भी वीजा लिया और पाकिस्तान गया। उसने 8-10 लोगों को वीजा दिलवाकर पाकिस्तान भेजा और इस प्रक्रिया से पैसे कमाए। 2024 में आसिफ ने तारीफ को एक अन्य अधिकारी जाफर से मिलवाया। जाफर ने भी भारतीय सिम की मांग रखी। तारीफ ने उसे भी सिम उपलब्ध कराई।
सिरसा एयरफोर्स स्टेशन के फोटो भेजे
जाफर ने लाखों रुपये का लालच देकर तारीफ से सिरसा एयरफोर्स स्टेशन के फोटो और वीडियो मांगे। तारीफ ने पाकिस्तानी अधिकारियों की मांग मानते हुए कई बार संवेदनशील फोटो और वीडियो भेजे। हरियाणा पुलिस और केंद्रीय जांच एजेंसियों की संयुक्त कार्रवाई में तारीफ को गिरफ्तार किया गया। इस दौरान एक वीडियो भी सामने आया, जिसमें तारीफ ने पाकिस्तानी अधिकारियों के साथ अपने संपर्क और जासूसी गतिविधियों को स्वीकार किया। यह गिरफ्तारी नूंह में सक्रिय पाकिस्तानी जासूसी नेटवर्क के खिलाफ बड़ी कार्रवाई का हिस्सा है। जांच एजेंसियां अब इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी हैं।
आरोपी की पारिवारिक पृष्ठभूमि
ग्रामीणों के अनुसार, तारीफ पांच भाइयों में दूसरे नंबर का है। दिल्ली के चांदनहोला में उसकी ससुराल है। उसकी शादी को करीब 10 साल हो चुके हैं और उसके दो बच्चे हैं। वह अंसल फार्म हाउस के पास क्लिनिक चलाता था। वहां मजदूर वर्ग के लोग इलाज के लिए आते थे। ग्रामीणों का कहना है कि तारीफ को एक साधारण और शरीफ व्यक्ति के रूप में जाना जाता था। उसकी संदिग्ध गतिविधियों का किसी को पता नहीं था। उसके अन्य भाई ट्रक ड्राइवरी कर परिवार का गुजारा करते हैं।
गांव में हड़कंप, पुलिस की सक्रियता
आरोपी के परिजनों और ग्रामीणों ने बताया कि जिस दिन अरमान की गिरफ्तारी हुई थी, उसी दिन चंडीगढ़ पुलिस, केंद्रीय जांच एजेंसी, तावडू सदर थाना और सीआईए की टीमें कांगरका गांव पहुंची थीं। तारीफ उस समय मोटरसाइकिल से तावडू से घर लौटा था। वह पड़ोस के मकान में अपने साथी के साथ हुक्का पी रहा था। जहां से पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया। दो दिन की पूछताछ के बाद उसकी गिरफ्तारी की पुष्टि हुई। इस घटना से मेवात क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। माना जा रहा है कि तारीफ की गिरफ्तारी के बाद अन्य संदिग्ध भी जांच के दायरे में हैं। आरोपी तारीफ के पिता हनीफ का कहना है कि पाकिस्तान में उनके परिवार के सदस्य हैं। करीब डेढ़ साल पहले बेटे तारीफ उसकी पत्नी, बच्चे और अपनी बेटी के साथ पाकिस्तान होकर आए थे। इससे पहले भी तारीफ एक बार पाकिस्तान जा चुका है। बेटे पर पाक जासूसी के आरोप बिल्कुल निराधार हैं। उन्हें षड्यंत्र के तहत फंसाया जा रहा है। वह पुलिस जांच में सहयोग करने के लिए तैयार है।