अरावली पहाड़ी से आया था तेंदुआ, करीब तीन घंटे तक चला रेस्क्यू
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। सोहना-गुरुग्राम मार्ग पर स्थित गांव धुनेला के समीप बनी अनमोल आशियाना सोसाइटी में शनिवार देर रात तेंदुआ घुस जाने से हड़कंप मच गया। वन विभाग की रेस्क्यू टीम ने करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद तेंदुए को पिंजरे में बंद किया। बाद में तेंदुए को अरावली के जंगल में छोड़ दिया गया। इन तीन घंटों के दौरान सोसाइटी के निवासियों में दहशत का माहौल रहा।
शनिवार आधी रात के बाद करीब डेढ़ बजे एक तेंदुआ सोहना के सेक्टर-33 स्थित अनमोल आशियाना सोसाइटी के बेसमेंट में घुस गया। सोसाइटी के सुरक्षा गार्डों ने सबसे पहले तेंदुए को बेसमेंट में देखा। तेंदुआ शोर शराबा सुनकर बेसमेंट स्थित एसटीपी प्लांट में घुसकर छुप गया। सुरक्षा गार्ड ने प्लांट के गेट को बंद कर उस पर कुंडी लगा दी। इसके बाद उसके बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी। वन्य जीव विभाग की टीम वहां पहुंची। रात के ढाई बजे से सुबह 6.30 बजे तक तेंदुए को पकड़ने की मशक्कत चली।
वन्य जीव अधिकारी आरके जांगड़ा ने बताया कि करीब पांच-छह साल का नर तेंदुआ संभवत: भोजन की तलाश या तेंदुओं के आपस की वर्चस्व की लड़ाई से बचने के लिए सोसाइटी के गेट से पार्किंग के लिए बने बेसमेंट में घुसने के बाद एसटीपी प्लांट में जाकर छुप गया था। वन्य जीव की टीम ने पहले एसटीपी की ग्रिल को काटकर पिंजड़ा लगाया। इसके बाद धमाके की आवाज करके उसे बाहर निकालने की कोशिश की, मगर तेंदुआ बाहर नहीं आया।इसके बाद रेस्क्यू टीम के सदस्यों ने पानी की तेज बौछार प्लांट के अंदर फेंकी। इसके बाद तेंदुआ बाहर निकला तो टीम ने उसे जाल लगाकर पकड़ लिया। बाद में उसे अरावली में छोड़ दिया गया। अरावली की तलहटी में सोसाइटियों और गांवों के प्रसार के कारण तेंदुए शहरी इलाके में आने लगे हैं। रेस्क्यू टीम में वन्य जीव अधिकारी के साथ इंस्पेक्टर ज्योति कुमार, सब इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार, मुबीन खान, वन्य जीव संरक्षक अनिल गंडास और डॉ. अभिषेक शामिल रहे।