डूंडाहेड़ा की जमीन पर कास्टिंग यार्ड और बैचिंग प्लांट किया जाएगा स्थापित
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। सराय काले खां (एसकेके) से गुरुग्राम और बावल तक प्रस्तावित नमो भारत आरआरटीएस कॉरिडोर के निर्माण कार्य को गति देने के लिए नगर निगम गुरुग्राम (एमसीजी) की डूंडाहेडा में 0.12 हेक्टेयर जमीन एनसीआरटीसी को अस्थायी आधार पर देने की तैयारी है। इस जमीन का उपयोग कास्टिंग यार्ड और बैचिंग प्लांट स्थापित करने के लिए किया जाएगा।
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) ने 3 नवंबर 2025 और 23 फरवरी 2026 को भेजे गए पत्रों के माध्यम से पांच वर्षों के लिए जमीन आवंटित करने का अनुरोध किया था। राजस्व शाखा की 25 फरवरी 2026 की रिपोर्ट के अनुसार गांव डूंडाहेड़ा में 2 कनाल 15 मरला जमीन नगर निगम गुरुग्राम के स्वामित्व में है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने 23 जनवरी 2026 के आदेश में इस मामले का फैसला एमसीजी के पक्ष में दिया था। इसके बाद सर्वोच्च न्यायालय ने 9 फरवरी 2026 के आदेश में कहा कि हरियाणा सरकार और अन्य संबंधित पक्ष आरआरटीएस कॉरिडोर परियोजना के लिए इस जमीन का उपयोग करने के लिए स्वतंत्र हैं।
9 जनवरी 2025 को हरियाणा के मुख्य सचिव की अध्यक्षता में हुई बैठक में मानेसर और गुरुग्राम नगर निगम आयुक्तों को निर्देश दिए गए थे कि वे एनसीआरटीसी को उपलब्ध जमीन तुरंत सौंपने की प्रक्रिया शुरू करें। अधिकारियों को शहरी स्थानीय निकाय निदेशालय (डीयूएलबी) के साथ समन्वय कर प्रक्रिया तेज करने के निर्देश भी दिए गए थे। अब यह प्रस्ताव निगम सदन की मंजूरी के लिए रखा जाएगा। मंजूरी मिलने के बाद एमसीजी की उक्त जमीन पांच वर्षों के लिए एनसीआरटीसी को अस्थायी रूप से आवंटित करने के लिए सरकार से स्वीकृति मांगी जाएगी।
बात दें कि नमो भारत कॉरिडोर दिल्ली एरोसिटी से गुरुग्राम में उद्योग विहार से एनएच-48 के साथ एलिवेटेड इफ्को चौक पहुंचेगा। इफ्को चौक, राजीव चौक, हीरो होंडा चौक, खेड़कीदौला से मानेसर जाएगा। इसके बाद अरावली रिज क्षेत्र से गुजरते हुए पचगांव पहुंचेगा। बिलासपुर चौक, धारूहेड़ा और बावल तक जाएगा। नमो भारत कॉरिडोर 37.87 किमी अंडरग्राउंड और 67.15 एलिवेटेड होगा।