संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। आटा गांव में डीफार्मा की छात्रा के मुंह पर शराब की बोतल मारने वालों पर कार्रवाई में देरी पुलिस को महंगी पड़ी है। इस मामले में पुलिस कप्तान राजेश कुमार ने रोजकामेव के थाना प्रभारी अमन बेनीवाल और हेड कॉन्स्टेबल अनिल कुमार को सस्पेंड कर दिया है। एक अन्य मामले में दो दिन पहले कार्रवाई न करने पर पुन्हाना थाना प्रभारी को भी पद से हटाया गया है। खाकी को दागदार करने वाले कर्मचारियों व थानेदारों पर पुलिस कप्तान की नजर है। फिलहाल रोजका मेव थाना प्रभारी की जिम्मेदारी इंस्पेक्टर श्यामबीर को सौंपी गई है।
आटा-बरोटा गांव के समीप 12 जुलाई को रोड पर डीफार्मा की पढ़ाई कर रही एक नाबालिग छात्रा दो छोटे बच्चों के साथ अपनी स्कूटी पर दूध लेकर आ रही थी। इसी दौरान दो बाइक सवार मनचलों ने छात्रा को परेशान किया। छात्रा ने बाइक ठीक से चलाने की बात कही। मनचलों को यह बात इतनी बुरी लगी की उन्होंने छात्रा के मुंह पर अपने हाथ में ली हुई शराब की बोतल मार दी। छात्रा के चेहरे व गर्दन पर करीब 35 टांके आए। उसके बाद पीड़ित परिवार ने रोजकामेव थाना में शिकायत दी, लेकिन मामला दर्ज नहीं किया गया। मामला मीडिया में आने पर तीन दिन बाद केस दर्ज किया गया। मामला बड़ा होने पर एसपी को पीड़िता का घर जाना पड़ा। दो डीएसपी सहित 6 पुलिस टीमें गठित कर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इस मामले में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ जांच कमेटी गठित की गई। इसके बाद थाना प्रभारी और हवलदार को सस्पेंड किया है। पुलिस प्रवक्ता कृष्ण कुमार ने निलंबन की पुष्टि की है।