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Gurugram News: जाना था थाईलैंड, एजेंट ने अवैध तरीके से पहुंचा दिया म्यांमार

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म्यांमार की सेना ने युवक को थाईलैंड पुलिस को सौंपा
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थाईलैंड पुलिस ने युवक को दिल्ली किया डिपोर्ट
साइबर क्राइम साउथ थाना पुलिस ने किया मामला दर्ज


संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। विदेश में नौकरी का लालच देकर युवक से धोखाधड़ी व मानव तस्करी के मामले में पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। आरोपी एजेंट के भाई ने पीड़ित को थाइलैंड पहुंचने के बाद उसे अवैध तरीके से म्यांमार भेज दिया। म्यांमार की सेना ने युवक को पकड़ लिया और वापस थाइलैंड को सौंप दिया। थाइलैंड में भारतीय दूतावास तक मामला पहुंचने पर पीड़ित भारत लौट पाया और पुलिस में शिकायत दी।
रोहतक के सांघी गांव निवासी मंदीप ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह गुरुग्राम में कादरपुर गांव में निजी कंपनी में काम करता था। उसी दौरान उसकी मुलाकात भिवानी के बड़वा गांव निवासी सोनू से हुई थी। सोनू ने बताया कि उसका भाई जितेंद्र थाईलैंड में काम करता है। वह भारतीयों को वहां पर काम दिलवाता है और उसे डेटा ऑपरेटर का काम दिलवा देगा। पीड़ित के परिवार वाले से बात करने के लिए सोनू उसके घर पर गया। वहां पर उसने उसकी माता-पिता से बात की और बताया कि हवाई जहाज की टिकट और दस्तावेज तैयार करने के लिए 50 हजार रुपये लगेंगे।
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जयपुर एयरपोर्ट से भेजा थाईलैंड
22 मार्च को सोनू ने पीड़ित मंदीप को जयपुर एयरपोर्ट पर आने के लिए कहा। पीड़ित वहां पहुंचा तो सोनू ने उसे टूरिस्ट वीजा देकर थाईलैंड की टिकट देकर हवाई जहाज में बिठा दिया। पीड़ित ने बताया कि जब वह थाईलैंड पहुंचा तो सोनू का भाई जितेंद्र मिला। जितेंद्र ने उससे थाईलैंड की करेंसी 10000 थाई वाट ले लिए और अपने साथ ले गया था। आरोप है कि वहां से उसे म्यांमार अवैध तरीके से पहुंचा दिया।

अमेरिकी नागरिकों की जानकारी लेने का काम मिला
म्यांमार में उसे अमेरिकी नागरिकों की जानकारी एकत्रित कराने का काम करवाया जाने लगा। मंदीप को शक हुआ और सोनू से बात की। सोनू से मंदीप से जब कहा कि अवैध तरीके से म्यांमार पहुंचा दिया गया है। इस पर सोनू ने धमकी दी कि अगर उसकी बात नहीं मानी तो वह उसे वहीं पर जान से मरवा देगा।
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पांच लाख रुपये मांगे
सोनू ने मंदीप से कहा कि यदि वह भारत वापस आना चाहता है तो पांच लाख रुपये देने होंगे। 22 अक्तूबर को म्यांमार सेना ने जांच में उसे पकड़ लिया और अवैध तरीके से वहां पर आने पर थाईलैंड को भेज दिया। थाईलैंड ने छह नवंबर को दिल्ली डिपोर्ट कर दिया। साइबर क्राइम थाना साउथ ने विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। जांच अधिकारी ललित ने बताया कि मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।
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