अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। क्षेत्रीय रेलवे उपयोगकर्ता परामर्श दात्री समिति (उत्तर रेलवे) के सदस्य और डीआरयूसीसी (दिल्ली और अंबाला डिवीजन) के पूर्व सदस्य दीपक भारद्वाज ने प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर मांग की है कि गरीब रथ ट्रेनों का नाम बदलकर सम्मान रथ रखा जाए। पीएमओ को लिखे पत्र में दीपक भारद्वाज ने कहा कि गरीब रथ (गरीबों का रथ) शब्द, अच्छे इरादों के साथ पेश किया गया है, लेकिन सामाजिक रूप से प्रतिगामी अर्थ रखता है। यह शब्द अनजाने में उन लाखों मेहनतकश, मध्यम वर्ग और निम्न मध्यम वर्ग के नागरिकों की गरिमा और आत्म सम्मान को ठेस पहुंचा सकता है, जो देश की रीढ़ हैं और सस्ती यात्रा के लिए इन ट्रेनों पर निर्भर हैं।
उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि समाज के इस वर्ग में किसान, शिक्षक, पेशेवर, कामकाजी महिलाएं और छात्र शामिल हैं, जो सभी राष्ट्रीय प्रगति में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। वे सम्मान और मान्यता के हकदार हैं, न कि ऐसे लेबल जो संरक्षण या कलंक लगाने वाले लगें।
भारद्वाज ने ट्रेनों का नाम बदलकर सम्मान रथ (गरिमा का रथ) रखने का प्रस्ताव रखा है। उन्होंने प्रधान मंत्री से अनुरोध किया है कि वे इस अपील पर सहानुभूति पूर्वक विचार करें और इस संबंध में उचित कार्रवाई करें।