फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

किसान बोले, धरने पर नहीं, बॉर्डर पर लगाए कंटीले तार

विज्ञापन
राजीव चौक पर कृषि कानूनों के विरोध में धरने पर बैठे किसान। - फोटो : Gurgaon
विज्ञापन
गुरुग्राम। तीनों कृषि कानूनों के खिलाफ संयुक्त किसान मोर्चा का अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन 69वें दिन भी जारी रहा। मंगलवार को धरना स्थल पर सामाजिक और राजनीतिक संगठनों के लोग पहुंचे। इस दौरान किसान नेता एवं मोर्चा अध्यक्ष चौधरी संतोष सिंह, राव कमलबीर सिंह, आर एस राठी, गजे सिंह कबलाना तथा बीरू सरपंच ने कहा कि सरकार किसान धरनों की अपेक्षा चीन बॉर्डर पर कंटीले तार लगाए। किसान, मजदूर और ग़रीब के बेटे देश की सीमाओं पर रक्षा के लिए तैनात खड़े हैं। देश की सुरक्षा के लिए जान की बाजी लगा देते हैं।
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि देश की रक्षा करते हुए किसान, मजदूर तथा ग़रीब आदमी के बेटे शहीद हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को चाहिए कि सीमाओं की सुरक्षा के लिए चीन बॉर्डर पर कंटीले तार लगाए। आज उसी जवान का मां-बाप और भाई बहन दिल्ली की सड़कों पर मांगों के समर्थन में बैठे हैं, लेकिन सरकार हठधर्मिता अपनाए हुए हैं।
सरकार तानाशाही तरीक़े से किसानों के आंदोलन को तोड़ना चाहती है। बिजली पानी काट दी है। धरने पर बैठने वालों में बलवान सिंह दहिया, पूर्व पार्षद जसबीर ठाकरान, अटल वीर कटारिया, भारती देवी, ऊषा सरोहा, नवनीत रोज, बलकेश बाल, पूर्व पार्षद रविंदर कटारिया, ईश्वर सिंह पातली, विजय यादव, बार एसोसिएशन के पूर्व सेक्रेटरी अरुण शर्मा, विंग कमांडर एमएस मलिक, डॉक्टर धर्मबीर राठी, अमित नेहरा, मुकेश डागर, डॉक्टर सारिका वर्मा, देविका सिवाच, आशा सिंह, जयप्रकाश रेहडू, परमवीर कटारिया एडवोकेट, नरेंद्रपाल किलहोड, राजकुमार राठी, सुधीर कटारिया, बलवान सिंह दहिया, वीरेंद्र कटारिया तथा सैकड़ों की संख्या में किसान शामिल थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें