फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विधायक के आश्वासन पर दिव्यांग शिक्षिका ने समाप्त किया अनशन

विज्ञापन
विज्ञापन
गुरुग्राम। राजकीय स्कूल महेंद्रवाड़ा में स्थानांतरण (शिक्षिका का निवास स्थान) की मांग को लेकर लघु सचिवालय के बाहर एक सप्ताह से अनशन पर बैठी 100 फीसदी दिव्यांग शिक्षिका रीता रानी ने सोहना विधायक कुंवर संजय सिंह के आश्वासन पर अनशन समाप्त किया है। हालांकि शिक्षिका का यह भी कहना था कि जल्द ही उनके स्थानांतरण पर कोई कार्रवाई नहीं होती है तो वह फिर से अनशन पर बैठ जाएंगी। वहीं विधायक ने मुख्यमंत्री मनोहर लाल से बात कर उनकी समस्या का समाधान कराने की बात कही।
विज्ञापन

बता दें कि रीता रानी का स्थानांतरण पोर्टल द्वारा वर्ष 2016 में बादशाहपुर के राजकीय कन्या स्कूल में किया गया था, जबकि शिक्षिका व्हील चेयर पर बैठकर अन्य व्यक्ति की सहायता एक जगह से दूसरी जगह जा पाती हैं। ऐसे में रोजाना घर से 15 किलोमीटर दूर स्कूल आने और फिर घर वापस जाने में काफी परेशानी होती है। ऐसे में शिक्षिका ने जिला शिक्षा विभाग, गुरुग्राम के मंडलायुक्त, शिक्षा निदेशालय और प्रधानमंत्री कार्यालय में अपने स्थानांतरण को लेकर गुहार लगाई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो सकी। इसके बाद 28 जून को गुरुग्राम के लघु सचिवालय के बाहर अनशन पर बैठ गई। बीते 6 दिनों तक न तो जिला शिक्षा विभाग ने कोई सुध ली और न जिला प्रशासन के अधिकारियों ने। जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी प्रेमलता यादव का कहना है कि रीता रानी के मामले के दस्तावेज शिक्षा निदेशालय को भेजे गए हैं। स्थानांतरण को लेकर आगामी कार्रवाई शिक्षा निदेशालय से ही होगी।
उधर, रविवार सुबह लगभग 11.15 बजे सोहना विधायक कुंवर संजय सिंह लघु सचिवालय पहुंचे और अनशन पर बैठी रीता रानी व उनके परिजनों से बातचीत की। विधायक ने आश्वासन दिया कि वे दिल्ली जा रहे हैं, जहां पर मुख्यमंत्री से इस मामले पर चर्चा करेंगे। उन्होंने कहा कि अनशन की उन्हें कल ही जानकारी मिली। यह अध्यापिका मेरे हल्का सोहना के गांव महेंद्रवाड़ा की स्थायी निवासी हैं और पिछले 18 वर्षों से दिव्यांग है। विधायक ने शिक्षिका से कहा कि मैं विश्वास दिलाता हूं कि स्थानांतरण जल्दी हो जाएगा। इसके बाद विधायक ने पानी पिलाकर अनशन समाप्त करवाया। इस अवसर पर शिक्षिका के पति बनवारी लाल, गौरव फाउंडेशन की फाउंडर व अध्यक्ष 78 वर्षीया स्नेहलता हुड्डा सहित शिक्षिका के परिजन भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें