गुरुग्राम। साइबर सिटी में सामाजिक संस्थाओं ने रविवार को हिंदी दिवस मनाया। विभिन्न संस्थाओं द्वारा भी हिंदी दिवस पर कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। जिसमें हिंदी भाषा को राष्ट्रभाषा बनाने की केंद्र सरकार से मांग भी की गई। जिला बार एसोसिएशन के पूर्व महासचिव अधिवक्ता पंडित अरुण शर्मा व पूर्व उपाध्यक्ष जितेंद्र कौशिक ने कहा कि हिंदी राजभाषा है। हिंदी को बढ़ावा देने के लिए सभी को सामूहिक प्रयास करने होंगे।
उन्होंने कहा कि हिंदी एक ऐसी भाषा है जिसे हर कोई समझ और पढ़ लेता है। उन्होंने सरकार से भी मांग की है कि अदालतों में जो फैसले लिखे जाते हैं, वे हिंदी भाषा में भी होने चाहिए ताकि मुवक्किल आसानी से अदालत का फैसलों को पढ़ सके। उनका कहना है कि देश के अधिकांश प्रदेशों में हिंदी भाषा में ही काम हो रहा है। इस प्रकार के कार्यों को और अधिक बढ़ावा दिया जाना चाहिए ताकि राजभाषा हिंदी का अधिक प्रचार-प्रसार हो सके। इस मौके पर अन्य अधिवक्ता भी शामिल रहे और एक दूसरे को हिंदी दिवस की शुभकामनाएं भी दीं। ब्यूरो