संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम।
शिक्षा निदेशालय ने कक्षा 1 से 3 तक के छात्रों की दूसरी चाइल्ड-वाइज असेसमेंट सेन्सस 2.0 कराने के निर्देश दिए हैं। यह मूल्यांकन निपूर्ण हरियाणा मिशन के तहत आयोजित किया जा रहा है। राज्य के सभी जिला मौलिक शिक्षा अधिकारियों, ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों और जिला एफएलएन समन्वयकों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
पहला असेसमेंट सितंबर में कराया गया था, जिसमें कक्षा 2 और 3 के छात्रों की लिटरेसी और न्यूमेरेसी की जांच की गई थी। अब सेन्सस 2.0 के माध्यम से यह समझा जाएगा कि 45-दिन की सुधारात्मक गतिविधियों के बाद छात्रों में कितनी प्रगति हुई है और स्कूलों की शैक्षणिक स्थिति का मध्यावधि आकलन किया जा सके। यह एक डायग्नॉस्टिक मूल्यांकन है, न कि परीक्षा। इसका उद्देश्य कक्षा 1–3 के छात्रों की बुनियादी पढ़ने और गणित की क्षमता को परखना, सीखने की कमी पहचानना है। निदेशालय ने स्पष्ट किया है कि कक्षा 2 और 3 के लिए सेन्सस 1.0 में जिन टीजीटी व पीजीटी की तैनाती की गई थी। यह व्यवस्था सेन्सस 2.0 में भी लागू रहेगी।
छात्रों के सीखने के स्तर को सही तरह से समझने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने कहा कि यह मूल्यांकन परीक्षा नहीं, बल्कि सीखने की कमियों की पहचान कर उन्हें दूर करने का अवसर प्रदान करता है। -
सरोज दहिया, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी गुरुग्राम।