खेड़की दौला में सफाई के दौरान सड़क किनारे और आसपास प्लास्टिक समेत कई तरह का कचरा जमा मिला। बिट्टू तबाही ने कहा कि प्लास्टिक कचरा इंसानों के साथ-साथ पशुओं के लिए भी खतरनाक है। कई बार गायें प्लास्टिक खा लेती हैं, जिससे उनके लिए परेशानी पैदा हो सकती है।
इसके बाद बिट्टू और उनकी टीम ने मौके पर सफाई शुरू की। टीम के सदस्य लगातार कचरा इकट्ठा करते रहे। अभियान पूरा होने के बाद इलाके की तस्वीर पहले के मुकाबले काफी साफ नजर आई। बिट्टू तबाही ने सफाई अभियान में सहयोग करने वाले सभी लोगों का धन्यवाद किया। गुरुग्राम से पहले उन्होंने दिल्ली में यमुना किनारे सफाई अभियान चलाया था और इसके बाद अभियान का अंतिम चरण नोएडा के सेक्टर-94 स्थित युवा शक्ति घाट पर हुआ।
कौन हैं बिट्टू तबाही?
मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले में अजनार नदी की सफाई से बिट्टू चर्चा में आए। हाथ में कोई बड़ी मशीन नहीं, तैरना भी नहीं आता था, लेकिन नदी से कचरा निकालने का जुनून जरूर था। शुरुआत में लोगों ने इसे सनक समझा, किसी ने मजाक उड़ाया तो किसी ने इसे बेकार की कवायद बताया। मगर राजगढ़ जिले के ब्यावरा के 21 वर्षीय बिट्टू अपने इरादे पर कायम रहे। दिन बीतते गए और नदी से निकलता कचरा बढ़ता गया। बिट्टू की मेहनत की तस्वीरें सोशल मीडिया तक पहुंचीं तो कहानी ब्यावरा से निकलकर देश-दुनिया तक जा पहुंची। उद्योगपति आनंद महिंद्रा और मुख्यमंत्री मोहन यादव समेत कई लोगों ने उसके प्रयास की सराहना की।