जीएमडीए ने एलसी-29 पर आरओबी/आरयूबी के निर्माण की दिशा में बढ़ाया कदम
नंबर गेम- 59 करोड़ रुपये परियोजना की अनुमानित लागत
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण गुरुग्राम-रेवाड़ी रेलमार्ग स्थित रेलवे क्रॉसिंग नंबर-29 पर रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) निर्माण की योजना को अमलीजामा पहनाने में जुट गया है। इसके लिए फिजिबिलिटी रिपोर्ट और विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने हेतु कंसल्टेंट नियुक्त किया जा रहा है। इसके निर्माण से सेक्टर-37डी से द्वारका एक्सप्रेसवे तक आवागमन आसान होगा और करीब 50 हजार लोगों को राहत मिलेगी।
बसई-गढ़ी रोड पर स्थित एलसी-29 रेलवे क्रॉसिंग के कारण वाहन चालकों को रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस मार्ग पर ट्रेनों की आवाजाही अधिक होने से रेलवे फाटक अक्सर बंद रहता है, जिससे लोगों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ता है। स्थानीय लोग लंबे समय से एलसी-29 पर आरओबी/आरयूबी के निर्माण की मांग कर रहे हैं। इसे देखते हुए जीएमडीए फिजिबिलिटी रिपोर्ट और डीपीआर तैयार कराने के लिए नया कंसल्टेंट नियुक्त करने जा रहा है।
रेलवे क्रॉसिंग के द्वारका एक्सप्रेसवे की ओर जीएमडीए का वाटर ट्रीटमेंट प्लांट स्थित है, जबकि दूसरी ओर की जमीन किसी अन्य विभाग के स्वामित्व में है, जो जीएमडीए की मुख्य सड़क से करीब 200 मीटर दूर है। ऐसे में जीएमडीए संबंधित भूमि के स्वामित्व की भी जानकारी जुटा रहा है। रेलवे विभाग ने जीएमडीए को पत्र लिखकर बताया है कि रेलवे क्रॉसिंग नंबर-29 पर आरओबी निर्माण की लागत का 50 प्रतिशत हिस्सा रेलवे वहन करेगा। परियोजना की अनुमानित लागत करीब 59 करोड़ रुपये है।
जीएमडीए के अनुसार, फिलहाल यहां दो लेन का आरओबी बनाने के लिए पर्याप्त जगह उपलब्ध है। द्वारका एक्सप्रेसवे के पास जीएमडीए की जमीन है, जबकि दूसरी ओर की जमीन का ब्योरा हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) से लिया गया है। यदि सेक्टर-37 की ओर पर्याप्त जमीन उपलब्ध हो जाती है तो यहां चार लेन का आरओबी बनाया जा सकेगा। आरओबी बनने से सेक्टर-37सी, सेक्टर-37डी, बसई और द्वारका एक्सप्रेसवे से जुड़े अन्य सेक्टरों के बीच यातायात व्यवस्था बेहतर होगी।
यहां आरओबी का निर्माण प्रस्तावित है। पहले नियुक्त कंसल्टेंट संतोषजनक तरीके से कार्य नहीं कर रहा था, इसलिए अब नया कंसल्टेंट नियुक्त किया जाएगा। -अमित गोदारा, कार्यकारी अभियंता, जीएमडीए
द्वारका एक्सप्रेसवे की राह होगी आसान
गुरुग्राम-रेवाड़ी रेलमार्ग काफी व्यस्त रेलखंड है। रेलवे फाटक बंद रहने के दौरान वाहन चालकों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ता है। रेलवे क्रॉसिंग के पास सेक्टर-37डी में जीएमडीए की मास्टर रोड है, जो सेक्टर-37सी से होते हुए द्वारका एक्सप्रेसवे और एनएच-48 को जोड़ने वाली सड़क से मिलती है। यदि यहां आरओबी का निर्माण हो जाता है तो लोग बिना रेलवे फाटक पर रुके सीधे द्वारका एक्सप्रेसवे तक पहुंच सकेंगे।