गुरुग्राम। खेलों में मेडल लाने की बात हो, बोर्ड परीक्षाओं में बेहतरीन परिणाम की तो महिलाएं ही विजेताओं की कतार में होती हैं। जिलेेेे की महिलाओं का काम सराहनीय हैं...ऐसा कहना है जिले के उपायुक्त यश गर्ग का। यह मौका था सोमवार को राजकीय महिला महाविद्यालय में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर जिला स्तरीय कार्यक्रम का। कार्यक्रम का आयोजन चूज टू चैलेंज (चुनौतियों को स्वीकारें) थीम पर किया गया। कार्यक्रम को चंडीगढ़ में चल रहे मुख्यमंत्री के प्रदेश स्तरीय कार्यक्रम से भी जोड़ा गया। इस मौके पर विभिन्न क्षेत्रों में सराहनीय कार्य करने वाली 36 महिलाओं को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता उपायुक्त यश गर्ग ने की। इस मौके पर उन्होंने कहा कि हमें महिलाओं के लिए कुछ विशेष नहीं करना, केवल उन्हें समान अवसर प्रदान करने की आवश्यकता है। कार्यक्रम में नव चेतना फाउंडेशन ने एनीमिया मुक्ति, पोषण टीकाकरण, स्वस्थ भारत, टीकाकरण पर प्रस्तुति दी। साथ ही प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की पुस्तक का भी विमोचन किया गया। इस मौके पर जिले की मेयर मधु आजाद, एसीपी उषा कुण्डू, जनसंपर्क विभाग निदेशक आर एस सांगवान, जिला शिक्षा अधिकारी इंदु बोकन व अन्य उपस्थित रहे।
कोरोना काल में कई विभागों में रहा महिलाओं का नेतृत्व
कार्यक्रम में अतिरिक्त उपायुक्त प्रशांत पंवार ने कहा कि महिलाएं सशक्त हैं। महामारी के प्रकोप में भी कई विभागों का नेतृत्व महिलाएं करती रही हैं। जिले में हर क्षेत्र में महिलाओं ने सराहनीय काम किया है। महिला एवं बाल विकास विभाग की जिला कार्यक्रम अधिकारी सुनैना ने महिलाओं को सम्मानित करते हुए कहा कि महिलाओं ने चुनौतियों का सामना करते हुए उसे समाधान में बदला है।