नई दिल्ली। सरकार पर्यावरणीय चुनौतियों पर शोध और समाधान के लिए महात्मा गांधी इंस्टीट्यूट फॉर कॉम्बेटिंग क्लाइमेट चेंज (एमजीआईसीसी) को मजबूत कर रही है। पर्यावरण मंत्री मंजिंदर सिंह सिरसा ने बुधवार को नरेला स्थित संस्थान में चल रहे सिविल व इलेक्ट्रिकल कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि संस्थान को प्रशिक्षण, शोध और ज्ञान के आदान-प्रदान का सशक्त मंच बनाया जाएगा।
एमजीआईसीसी में प्रदूषण नियंत्रण, अपशिष्ट प्रबंधन, जैव विविधता, हरित क्षेत्र विस्तार, ऊर्जा दक्षता, नवीकरणीय ऊर्जा और जलवायु परिवर्तन जैसे विषयों पर व्यावहारिक शोध को बढ़ावा मिलेगा। सरकारी व निजी क्षेत्र के अधिकारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम भी संस्थान की प्रमुख जिम्मेदारियों में शामिल हैं। संस्थान के बहुउद्देशीय हॉल का नवीनीकरण, एप्रोच रोड व पाथवे निर्माण तथा हॉस्टल भवन का स्ट्रक्चरल ऑडिट पूरा हो चुका है। अन्य काम चल रहे हैं। ब्यूरो