करोड़ों के ठेकों में हुई बंदरबांट वाले यादव सिंह प्रकरण में दो आईएएस अफसर भी सीबीआई के निशाने पर हैं। माना जा रहा है कि जल्द ही कोर्ट में पेश की जाने वाली यादव सिंह की दूसरी चार्जशीट में सीबीआई इन आईएएस अफसरों को आरोपी बना सकती है।
सूत्रों की माने तो यादव सिंह के कार्यकाल में यूपी कैडर के यह आईएएस अफसर भी नोएडा में ही तैनात रहे हैं। 954 करोड़ के इस घोटाले की शुरूआती जांच में सीबीआई को कुछ ऐसे सबूत हाथ लगे हैं, जिसमें इन आईएएस अफसरों की संलिप्तता नजर आ रही है।
इसी के चलते सीबीआई ने प्रकरण की जांच को अब और भी गहनता से करना शुरू कर दिया है।बता दें कि यादव सिंह और उनकी पत्नी कुसुमलता समेत 14 के खिलाफ सीबीआई एक चार्जशीट गाजियाबाद विशेष सीबीआई कोर्ट में पेश कर चुकी है। इस प्रकरण में अब सीबीआई जल्द ही दूसरी चार्जशीट पेश करने जा रही है।
वाराणसी बम कांड:
कोर्ट में कंडोलेंस के चलते टली सुनवाई
कोर्ट में कंडोलेंस के चलते बृहस्पतिवार को वाराणसी बम कांड प्रकरण में कोई सुनवाई नहीं हो सकी। इस मामले में अभियोजन पक्ष को निर्णय पर फाइनल बहस करनी थी। जनपद न्यायाधीश ने मामले की सुनवाई के लिए अब 30 मई नियत की है। इससे पूर्व डासना जेल में बंद वाराणसी बम कांड के आरोपी वलीउल्लाह को कड़ी सुरक्षा के बीच कोर्ट में पेश किया गया।
एनआरएचएम घोटाला:
पूर्व डीजी परिवार कल्याण को एक दिन की मोहलत
एनआरएचएम घोटाले में फंसे लखनऊ के पूर्व डीजी हेल्थ एवं फैमिली वेलफेयर सीबी प्रसाद को कोर्ट ने एक दिन की राहत दी है। सीबी प्रसाद को अपनी सशर्त जमानत के 40 लाख रुपये बुधवार को कोर्ट में जमा कराने थे, मगर उनके अधिवक्ताओं ने प्रार्थना पत्र देकर सोमवार तक समय सीमा बढ़ाए जाने की गुहार लगाई।
सीबीआई के विशेष न्यायाधीश एके झा ने इस पर नाराजगी जताते हुए पहले उनके अधिवक्ताओं को शाम तक पैसा जमा कराने का समय दिया। हालांकि शाम को उन्होंने एक दिन की मोहलत देते हुए बृहस्पतिवार तक जमानत राशि जमा कराने का आदेश दिया।