शहर को 24 घंटे विद्युत आपूर्ति देने के सपने को पूरा करने में नगर निगम भी पावर कारपोरेशन की मदद करेगा। नगर निगम जल्द ही तीन स्थानों पर सब-स्टेशन बनाने के लिए पावर कारपोरेशन को जमीन मुहैया कराएगा। इन तीन सब-स्टेशन के लिए करीब छह हजार वर्ग मीटर जमीन विद्युत निगम को हैंडओवर की जाएगी।
इसके लिए सोमवार को महापौर के कार्यालय में नगर निगम और पावर कारपोरेशन के अफसरों के बीच मीटिंग हुई।पावर कारपोरेशन ने 33 केवी के सब-स्टेशन बनाने के लिए पांच स्थानों पर 2 से 2.5 हजार वर्ग मीटर जमीन की डिमांड की है। बीते कई महीनों से यह मामला पेंडिंग था। सोमवार को पावर कारपोरेशन के अफसरों ने निगम पहुंच महापौर अशु वर्मा से मुलाकात की।
उन्होंने बताया कि टीएचए के लिए उन्हें विद्युत सब-स्टेशन बनाने हैं लेकिन जमीन अब तक नहीं मिल पाई है। जमीन का अड़ंगा लग जाने से सब-स्टेशनों का काम शुरू नहीं हो पा रहा है। महापौर ने संपत्ति विभाग के अधिकारियों को बुलाकर दोनों विभागों के अफसरों से मुलाकात कराई और सब-स्टेशनों के लिए जल्द से जल्द जमीन मुहैया कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने जमीन ट्रांसफर करने में आ रही दिक्कतों को दूर करने के निर्देश भी दिए।निगम के पास उपलब्ध है जमीननगर निगम विद्युत सब-स्टेशनों के लिए 2 हजार वर्ग मीटर जमीन हज हाउस के पास, दो-दो हजार वर्ग मीटर जमीन पसौंडा और राजेंद्र नगर औद्योगिक क्षेत्र में उपलब्ध कराएगा। नगर निगम के संपत्ति प्रभारी एमपी सिंह ने बताया कि निगम के पास जमीन उपलब्ध है।
जल्द ही पैमाइश कर सब-स्टेशनों के लिए जमीन दी जाएगी।सदन में भी पास हो चुका प्रस्ताव महापौर अशु वर्मा ने बताया कि पूर्व में सदन में भी एक प्रस्ताव पास हो चुका है। जिन स्थानों पर विद्युत सब-स्टेशन बनाने के लिए जमीन की आवश्यकता है और निगम के पास जमीन उपलब्ध है तो पावर कारपोरेशन को दी जाएगी। इससे शहर की विद्युत आपूर्ति व्यवस्था में सुधार होगा।