गाजियाबाद। लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे पर हुए सड़क हादसे में विजयनगर थाना क्षेत्र के राहुल विहार निवासी एक कंपनी के मैनेजर और उनके दो बेटों की मौत हो गई। सूचना से घर में कोहराम मचा है। छह को मैनेजर संजय राठौड़ के बड़े बेटे की शादी थी, जिस घर में शहनाई की गूंज सुनाई देने वाली थी, वहां हादसे के बाद चीख और चीत्कार की आवाजें आ रही हैं। संजय कुमार राठौड़ पुत्र शिवनारायण मूलरूप से बिहार के गया शहर निवासी थे। औद्योगिक क्षेत्र में एक निजी कंपनी में बतौर मैनेजर संजय कुमार करीब 15 वर्षों से विजयनगर क्षेत्र में रहे रहे थे। 33 वर्षीय बेटा गौरव गया स्थित प्राथमिक स्कूल में सरकारी अध्यापक थे और छोटा बेटा 30 वर्षीय सौरभ सरकारी नौकरी की तैयारी में जुटा था। गौरव का विवाह गया निवासी युवती से ही तय किया गया था। छह दिसंबर को गया के एक होटल में गौरव की शादी होनी थी। इसी की तैयारियों में परिजन जुटे थे। गाजियाबाद से खरीददारी करके शनिवार की देर रात संजय कुमार राठौड़ अपने दोनों पुत्रों गौरव और सौरव के साथ बिहार के लिए निकले थे। लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे के थाना हसनगंज क्षेत्र में उनकी कार एक ट्रॉले से टकरा गई। तीनों को लोकबंधु अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
होटल खोलने की थी तैयारी
संजय कुमार राठौड़ करीब 15 वर्षों से एक निजी कंपनी में बतौर मैनेजर नौकरी कर रहे थे। उनकी इच्छा थी कि बेटे गौरव की शादी करने के बाद वह गया में ही एक होटल खोलेंगे। इसके लिए उन्होंने जमीन भी खरीद ली थी और परिवार सहित वहीं रहने की तैयारी थी। संजय राठौड़ की पत्नी बेबी का रो-रोकर बुरा हाल है। आसपास के लोगों ने बताया कि संजय राठौड़ के तीन बेटे हैं। एक बेटा बिहार में ही रहकर पढ़ाई करता है।
उन्नाव के हसनगंज थाना पुलिस ने संपर्क किया था और कुछ जानकारी चाही थी। एक उपनिरीक्षक को पीड़ित परिवार के घर भेजा गया था।
- राजेश कुमार, डीसीपी सिटी