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जेल में किन्नर की संदिग्ध मौत: परिजनों ने जताई हत्या की आशंका, जेल प्रशासन पर उठे सवाल... इस मामले में था बंद

Thu, 04 Dec 2025 07:33 PM IST
आकाश दुबे अमर उजाला नेटवर्क, मसूरी (गाजियाबाद)

सार

मृतक राहुल की मां बबीता मंडल ने जेल प्रशासन द्वारा बीमार होने की बात को सिरे से खारिज किया है और बेटे की मौत पर गंभीर शंका जताते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
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मृतक की फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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गाजियाबाद के मसूरी क्षेत्रांतर्गत डासना जेल में बुधवार देर रात एक किन्नर ने चुनरी से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। तन्हाई बैरक की कोठरी में पंखे से लटका हुआ शव देखकर जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। सूचना पर मसूरी पुलिस मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल के बाद शव को मेडिकल परिक्षण के लिए भेज दिया।

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नंदग्राम आश्रम रोड गली नंबर दो निवासी किन्नर राहुल उर्फ परी (26) हत्या के प्रयास के मामले में जेल में बंद था। नंदग्राम पुलिस ने 16 मई को उसे डासना जेल में निरुद्ध किया था। मां बबीता मंडल ने आरोप लगाया कि राहुल उर्फ परी को कोर्ट से जमानत मिल चुकी थी और जमानतदारों के सत्यापन की प्रक्रिया पूरी होने में कुछ ही दिन बचे थे, वह जल्द ही जेल से बाहर आने वाला था।

बबीता ने कहा कि बुधवार दिन में वकील राहुल से मिलकर आए थे, तब वह पूरी तरह स्वस्थ और सामान्य था। घटना के बाद से किन्नर की मौत को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं और परिजन न्याय की मांग कर रहे हैं। पुलिस व प्रशासन मामले की जांच में जुटा है। बबीता ने जेल प्रशासन द्वारा बीमार होने की बात को भी सिरे से खारिज किया और बेटे की मौत पर गंभीर शंका जताते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। 

जून 2021 में हुई थी घटना
मामला नंदग्राम थानाक्षेत्र में छह जून 2021 से जुड़ा है। नंदग्राम थाना पुलिस ने किन्नर राहुल उर्फ परी और उसके भाई रोहित को हत्या के प्रयास के मामले में गिरफ्तार किया था। दो वर्ष पहले परी को जमानत मिल गई थी, लेकिन वह कोर्ट में हाजिर नहीं हुआ, जिसके चलते उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया गया। इसके बाद 16 मई 2025 को उसने कोर्ट में आत्मसमर्पण किया, जिसके बाद उसे फिर से न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया था।
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तब से वह डासना जेल में ही बंद था। उसके भाई रोहित को तीन माह पहले जमानत मिल चुकी है। जेल अधीक्षक सीताराम शर्मा ने बताया कि राहुल उर्फ परी पिछले कुछ समय से मानसिक रूप से परेशान चल रहा था, देर रात उसने बैरक में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। मामले की मजिस्ट्रियल जांच कराई जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्थिति और स्पष्ट होगी। सहायक पुलिस आयुक्त मसूरी लिपी नगायच ने बताया कि परिजनों से अभी कोई तहरीर नहीं मिली है।
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