‘शहीद नगर में हुई सिंहासन यादव की तरह ही समझौता कराकर मेरी हत्या का षडयंत्र रचा जा रहा है। एसपी सिटी सलमान ताज ने यह साजिश रची है। मेरी हत्या होती है तो एसपी सिटी के साथ ही वो लोग भी जिम्मेदार होंगे, जिन्होंने मुझे दूधेश्वरनाथ मंदिर में बुलाकर मुझ पर हमला किया था।’
यह कहना है डासना चंडी देवी मंदिर के महंत नरसिंहानंद यति का। नरसिंहानंद यति ने बृहस्पतिवार को आरडीसी में पत्रकारों से बात करते हुए दूधेश्वरनाथ मंदिर में दो दिन पहले हुए झगड़े पर अपना पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि मंदिर में दो गुटों का झगड़ा नहीं था।
वह तो अपने सिर्फ दो साथियों के साथ मंदिर गए थे। वहां एक गुट के लोग मेरी हत्या करना चाहते थे। इस पूरी साजिश का सूत्रधार उन्होंने एसपी सिटी को बताया। साथ ही यह भी कहा कि एसपी सिटी के इशारे पर ही पुलिस धृतराष्ट्र बनी हुई है।
प्रेसवार्ता में मौजूद हिंदू स्वाभिमान की राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट चेतना शर्मा ने कहा कि उस दिन अनिल यादव और निखिल पंडित की हत्या की धमकी देकर हमसे जबरन समझौता कराया गया।
अब हम पुलिस की इस करतूत के खिलाफ कोर्ट, मानवाधिकार आयोग और राज्यपाल का दरवाजा खटखटाने से भी पीछे नहीं हटेंगे।
एसपी सिटी ने दी सफाई
एसपी सिटी सलमान ताज का कहना है कि नरसिंहानंद यति के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज होने के बाद वह ऐसी बयानबाजी कर रहे हैं। पुलिस निष्पक्ष जांच करेगी। जो भी दोषी होगा, उस पर कार्रवाई होगी।