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Ghaziabad News: विकास भवन, अस्पतालों और थानों में लगेंगे सौर ऊर्जा संयंत्र

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गाजियाबाद। लोगों को सौर ऊर्जा के इस्तेमाल के प्रति जागरूक करने के लिए अब प्रशासन खुद मिसाल पेश करेगा। विकास भवन के साथ सरकारी अस्पतालों और शहर के थानों में सौर ऊर्जा संयंत्र लगाए जाएंगे। इसके लिए संबंधित सरकारी भवनों की छतों का सर्वे पूरा कर लिया गया है। सितंबर से संयंत्र लगाने का काम शुरू होने की उम्मीद है।
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मुख्य विकास अधिकारी कुमार सौरभ ने बताया कि लोगों को सौर ऊर्जा अपनाने के लिए जागरूक किया जा रहा है। इसके लिए मॉडल गांव भी तैयार किए जा रहे हैं। अब प्रशासनिक स्तर पर भी सरकारी भवनों को सौर ऊर्जा से जोड़ने की शुरुआत की जा रही है। पहले चरण में विकास भवन, सरकारी अस्पतालों और थानों की छतों पर संयंत्र लगाए जाएंगे।

25 से 30 किलोवाट के होंगे संयंत्र
सरकारी भवनों में लगाए जाने वाले सौर ऊर्जा संयंत्र 25 से 30 किलोवाट क्षमता के होंगे। अधिकारियों के अनुसार, 25 किलोवाट क्षमता का संयंत्र सालाना 30 हजार से अधिक यूनिट बिजली का उत्पादन कर सकता है। इससे सरकारी भवनों के बिजली खर्च में बड़ी बचत होगी। सीडीओ ने बताया कि विकास भवन में 30 से अधिक सरकारी कार्यालय हैं और यहां रोजाना बड़ी संख्या में अधिकारी-कर्मचारी काम करते हैं। सौर ऊर्जा संयंत्र लगने के बाद बिजली के खर्च में हर साल लाखों रुपये की बचत होने की उम्मीद है। साथ ही सरकारी भवनों में सौर ऊर्जा के इस्तेमाल से आम लोगों को भी इसके फायदे समझाने में मदद मिलेगी। उन्होंने बताया कि मॉडल गांवों में भी सीएसआर के माध्यम से सौर ऊर्जा संयंत्र लगाए जा रहे हैं।
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नक्शा पास कराने के लिए सौर ऊर्जा की व्यवस्था
जिले में भवन का नक्शा पास कराने के लिए भी सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने की व्यवस्था पहले ही लागू की जा चुकी है। एक अप्रैल से जिलाधिकारी के आदेश के बाद भवनों का नक्शा पास कराने वाले आवेदकों से सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने के लिए सिक्योरिटी राशि ली जा रही है। यह राशि भवन के प्लॉट के क्षेत्रफल के आधार पर निर्धारित की गई है। 200 से 500 वर्गमीटर तक के प्लॉट के लिए 20 हजार रुपये, 500 से 1000 वर्गमीटर तक के लिए 50 हजार रुपये, 1000 से 5000 वर्गमीटर तक के लिए एक लाख रुपये और इससे अधिक क्षेत्रफल के प्लॉट के लिए दो लाख रुपये की राशि निर्धारित है। अधिकारियों के अनुसार, सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित होने के बाद यह सिक्योरिटी राशि वापस कर दी जाएगी।
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