मोहननगर की एक फैक्टरी में काम करने वाले दिनेश ने बताया कि उसने यू-ट्यूब पर एक वीडियो में देखा था कि दिल्ली के कुछ लोग विशेष प्रार्थना से दुख-दर्द दूर कर देते हैं। उसका भाई उमेश बहुत तकलीफ से गुजर रहा है। छह महीने पहले हादसे का शिकार होने के बाद से वह ठीक नहीं हो पाया है। उसकी पीड़ा दूर करने के लिए उसने वीडियो से ही मोबाइल नंबर लेकर उन लोगों से संपर्क किया। तय हुआ कि वे रविवार को आएंगे। उन्होंने कहा था कि वे प्रार्थना सभा करेंगे, इसलिए आसपास के कुछ लोगों को बुला ले।
प्रार्थना सभा में मौजूद रहे सुभाष जाटव ने बताया कि दिनेश की मां ने कीर्तन का बुलावा दिया था। कहा था कि वह चार धाम की यात्रा करके आई हैं, इसलिए घर में कीर्तन रखा है। दिनेश ने छत पर प्रार्थना सभा कराई। दिल्ली से गाड़ी में आए लोगों ने इसी सभा में लोगों से ईसाई धर्म के बारे में बताया और कहा कि सभी लोग इसे अपना लें। थोड़ी ही देर में पूरी कॉलोनी में सामूहिक धर्म परिवर्तन कराए जाने की चर्चा फैल गई। किसी ने पुलिस को फोन कर दिया। पुलिस ने आकर दिल्ली से आए लोगों को पकड़ लिया।
इनकी हुई गिरफ्तारी
धर्मांतरण के प्रयास का केस सुभाष जाटव ने दर्ज कराया। इस पर करहेड़ा निवासी दिनेश, अर्थला निवासी चंद देव राय, पूर्वी दिल्ली जेजे कॉलोनी का बबलू, राजन वर्मा, जॉय, अशमत उस्मान, अजय, राजकुमार, अनिता, जयादास, रुचिका, मीनू कुमारी, गुडिया कुमारी को गिरफ्तार कर लिया गया। दो आरोपी अज्ञात बताए गए हैं। सुभाष का कहना है कि साजिश के तहत दिनेश ने इन लोगों को बुलाया।
पैसे का लालच दिया
एसीपी भास्कर वर्मा ने बताया कि करहेड़ा गांव में कुछ लोगों को बुलाकर एक सभा की गई जिसमें पैसों का लालच देकर धर्म परिवर्तन की बात कही गई। 15 लोगों को गिरफ्तार कर उनसे पूछताछ की है। जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई होगी।