डीसीपी ग्रामीण सुरेंद्र नाथ तिवारी ने बताया ककी क्रॉसिंग रिपब्लिक थाना क्षेत्र के राहुल विहार में प्रेम चंद का मकान है। प्रेमचंद जाटव जाति से है और पूर्व में ईसाई धर्म अपना चुका है। रविवार की रात करीब नौ बजे प्रेमचंद के घर खुद को ईसाई धर्म का ईस्टर यानी धर्म प्रचारक बताने वाले विनोद कुंज मौन कट्टदिल पुत्र जोसेफ कट्टा निवासी राजेंद्र नगर साहिबाबाद आया।
प्रेमचंद के घर में पहले से मौजूद 15-20 महिलाओं को विनोद ने ईसाई प्रार्थना कराई। इसके साथ ही ईसाई धर्म और प्रथाओं के बारे में महिलाओं को भ्रमित किया जा रहा था। मौके पर बजरंग दल के जिला संयोजक प्रबल गुप्ता कार्यकर्ताओं के साथ मौके पर पहुंचे और प्रेमचंद और विनोद का विरोध किया।
आरोप है कि महिलाओं और विनोद ने प्रेमचंद के साथ मिलकर मारपीट कर दी। सूचना पर पहुंची क्रॉसिंग रिपब्लिक थाना पुलिस से भी महिलाओं ने अभद्रता कर गाली गलौच की। हंगामा बढ़ता देख महिला कांस्टेबल मौके पर बुलाई और पांच छह महिलाओं को हिरासत में लिया गया। इसके साथ ही प्रेमचंद और खुद को ईसाई धर्म का प्रचारक बताने वाले विनोद को गिरफ्तार कर लिया गया। बजरंग दल के नगर संयोजक प्रबल गुप्ता को तहरीर पर विनोद और प्रेमचंद के खिलाफ मुकदमा दर किया जा रहा है।
केरल से जुड़े हैं धर्मांतरण के तार
पुलिस पूछताछ में विनोद कुंज मौन कट्टदिल मूल रूप से केरल का रहने वाला है। करीब 15 वर्ष पूर्व अनुसूचित त्यागकर दिल्ली में ईसाई धर्म अपना लिया और ईसाई धर्म प्रचारक बन गया। पिछले चार वर्षों से विनोद महिलाओं को ईसाई धर्म अपनाने की सलाह दे रहा है। वहीं, प्रेमचंद मूल रूप से कड़कड़डूमा दिल्ली का रहने वाला है और 19 साल पहले खुद और परिजनों को ईसाई धर्म अपना चुका है।
लालच और सुविधाएं देने का आरोप
प्रबल गुप्ता ने दी तहरीर में बताया कि क्षेत्र की महिलाओं को लाखों रुपए और स्वास्थ्य, शिक्षा सहित अन्य सुविधाओं का प्रलोभन दिया जा रहा था। हालांकि पुलिस का कहना है कि महिलाएं धर्म प्रचारक की बातें सुनने और अंधविश्वास के चलते कमर दर्द, सर दर्द जैसे रोग दूर कराने आई थी। मौके से ईसाई धर्म का ग्रन्थ भी मिला है।