गाजियाबाद। फीस को लेकर स्कूलों की मनमानी से परेशान गाजियाबाद और नोएडा के विभिन्न स्कूलों के करीब 1000 अभिभावकों ने रविवार को लखनऊ पहुंचकर अपनी समस्या और शिकायत मुख्यमंत्री के विशेष सचिव के समक्ष रखी।
अभिभावकों ने हर साल विभिन्न मदों में होने वाली फीस बढ़ोतरी और स्कूलों के मनमाने रवैये समेत कई समस्याओं को उठाया। शिकायत को संज्ञान में लेते हुए विशेष सचिव ने डीएम गाजियाबाद से मामले में रिपोर्ट मांगने के साथ उचित कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
विशेष सचिव के आदेश के बाद डीएम ने इसी सप्ताह अभिभावकों की बैठक बुलाने की बात कही है। दूसरी ओर विशेष सचिव ने अभिभावकों को आश्वासन दिया कि मामला मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के संज्ञान में होने के साथ उनका पूरा फोकस भी है।
फीस वृद्धि सहित अभिभावकों की विभिन्न समस्याओं के लिए जल्द कड़ा कानून आने वाला है इसलिए अभिभावकों को परेशान होने की जरूरत नहीं है। दूसरी ओर लखनऊ गए अभिभावकों के दल के सदस्य विवेक त्यागी ने बताया कि विशेष सचिव से उनकी मुलाकात सफल रही है। लखनऊ पहुंचे गाजियाबाद-नोएडा के अभिभावकों की बात विशेष सचिव ने सुनी। साथ ही मामले को मुख्यमंत्री के सामने रखने और उचित कार्रवाई का आश्वासन भी दिया है।
नहीं हुआ निदान तो 700 पैरेंट्स करेंगे भूख हड़ताल
फीस वृद्धि से आजिज आ चुके अभिभावकों ने इस बार आरपार की लड़ाई का मन बनाया है। अभिभावकों ने चेतावनी भी दी है कि अगर स्कूलों की मनमानी पर लगाम नहीं लगती है तो विभिन्न स्कूलों के करीब 700 अभिभावक हापुड़ चुंगी पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठ जाएंगे। कई सालों से चल रही स्कूलों की मनमानी पर कोई लगाम नहीं लग सकी है। इस बार लड़ाई को अंजाम तक पहुंचाकर ही दम लेंगे।
आरडब्ल्यूए फेडरेशन ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र
आरडब्ल्यूए फेडरेशन गाजियाबाद की रविवार को बैठक हुई। बैठक में आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों ने स्कूलों द्वारा अभिभावकों द्वारा की जा रहे अत्याचार पर नाराजगी जताई। फेडरेशन गाजियाबाद की तरफ से पब्लिक स्कूलों द्वारा अभिभावकों द्वारा किए जा रहे शोषण से छुटकारा दिलाने के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखा है।
फेडरेशन के चेयरमै वीपी शर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर कानून बनाकर स्कूलों द्वारा की जा रही नाजायज फीस वृद्धि को तुरंत वापस लेने की मांग की है। उन्होंने बताया कि स्कूल प्रबंधन कभी वार्षिक चार्ज के नाम पर तो कभी बिल्डिंग चार्ज के नाम पर पैसे लेता है। स्कूल एडवांस में फीस लेता है।
शासन से रविवार सुबह फोन आया था। स्कूलों और पैरेंट्स के बीच चल रहे विवाद को लेकर जिला प्रशासन गंभीर है। इसी सप्ताह जिला प्रशासन और पैरेंट्स के बीच बैठक का आयोजन किया जाएगा। उम्मीद है कि इससे कुछ हल जरूर निकलेगा। - निधि केसरवानी, डीएम गाजियाबाद
डीएम ने स्कूलों में कमेटी बनाने के दिए निर्देश
नोएडा। स्कूलों में मनमानी फीस वृद्धि को लेकर डीएम एनपी सिंह ने अहम निर्णय लिया है। डीएम ने डीआईओएस को सीबीएसई और आईसीएसई स्कूलों में एक कमेटी का गठन करने के निर्देश दिया है।
इस कमेटी में अभिभावकों का प्रतिनिधि, उनका सीए, स्कूल प्रतिनिधि व उनके सीए के साथ ही के ही प्रशासनिक अफसर मौजूद रहेंगे। डीएम एनपी सिंह ने बताया कि जब तक इस मुद्दे पर कोई निर्णय नहीं आता, तब तक कोई भी स्कूल अभिभावकों पर फीस जमा करने के लिए दबाव नहीं डालेगा।
ऐसी कोई शिकायत मिली तो संबंधित स्कूल संचालक के खिलाफ कार्रवाई होगी। डीएम ने यह भी निर्देश दिए हैं कि फीस के अलावा किसी भी मद में शुल्क बढ़ाया जाता है तो उसकी सूचना अभिभावकों को एक साल पहले देनी होगी।