गाजियाबाद। इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम को समय से पूरा कराने के लिए नगर निगम की ओर से तेजी से कार्रवाई की जा रही है। इसकी टेस्टिंग का कार्य पूरा हो चुका है। नए कंट्रोल रूम का भवन भी बनकर तैयार हो गया है। इसमें बिजली के कनेक्शन के लिए निगम की ओर से तेजी से कार्य किया जा रहा है। अधिकारियों का दावा है कि 15 दिसंबर से पहले आईटीएमएस का संचालन शुरू कर दिया जाएगा।
नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने बताया कि शहर के 41 सिग्नलों को इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम के तहत 300 हाईटेक कैमरों से लैस किया जाएगा। इसमें 53 करोड़ रुपये की लागत आई है। इससे सीसीटीवी समेत हाई डेफिनिशन कैमरे के जरिए रेड लाइट पर वाहनों के दबाव के हिसाब से रेड/ग्रीन लाइट की टाइमिंग ऑटोमैटिक तरीके से खुद ही सेट हो जाती है।
रेड लाइट वॉयलेशन डिटेक्शन कैमरा के जरिए कमांड कंट्रोल रूम में बैठकर ट्रैफिक पुलिस उन वाहन चालकों पर भी निगाह रख सकती है, जो रेड लाइट जंप करते हैं। ये कैमरा ऐसे लोगों की इमेज कैप्चर करने के साथ ही वाहन के नंबर के आधार पर खुद ही चालान काट देता है। बिना हेलमेट और बिना सीट बेल्ट वाले चालकों के खिलाफ भी चालान की कार्रवाई इसके माध्यम से आसानी से की जा सकती है।