हिंडन बैराज रोड को रविवार की दोपहर बंद कर दिया गया। दोपहर बाद से लोगों को जाम से जूझना पड़ा और ट्रांस हिंडन से गाजियाबाद आने-जाने के लिए लंबा चक्कर काटना पड़ा। एलिवेटेड रोड के निर्माण में लगाए गए लांचर को उतारने के लिए जीडीए ने रविवार दोपहर बैराज रोड को ट्रैफिक के लिए बंद कर दिया।
काम पूरा होने के बाद सोमवार की सुबह इसे खोल दिया जाएगा। रास्ता बंद होने से जीटी रोड से वसुंधरा, वैशाली, इंदिरापुरम और दिल्ली जाने वाले वाहनों को बैराज रोड की बजाय मोहननगर चौक से लंबा चक्कर लगाकर जाना पड़ा। वहीं वसुंधरा-वैशाली से आने वालों को सिद्धार्थ विहार होकर आना पड़ा।
हिंडन बैराज रोड के बगल में ही एलिवेटेड रोड का निर्माण किया जा रहा है। कई महीने से यहां चल रहा पिलर्स और स्पैन रखने का काम लगभग पूरा हो चुका है। एलिवेटेड रोड के निर्माण के लिए लगाए गए लांचर को हटाने के लिए रविवार को बैराज रोड बंद कर दी गई। इस दौरान हैवी क्रेनों की मदद से भारी-भरकम लांचर को उतारा गया।
चलते ट्रैफिक के बीच यह काम करना संभव नहीं था। हादसे की संभावना थी। ऐसे में रविवार दोपहर को बैराज रोड बंद कर दिया गया। इसके बंद होने से गाजियाबाद की ओर से वसुंधरा, वैशाली, इंदिरापुरम, यूपी गेट जाने और आने वाले वाहनों के लिए रूट डायवर्ट कर दिया गया।
दोनों ओर के ट्रैफिक को मोहननगर चौराहे पर भेजा गया और यहां से वाहन चालक अपने गंतव्य तक पहुंचे। इस दौरान मोहन नगर चौक, अर्थला, वसुंधरा और लिंक रोड पर जाम लग गया।
जीडीए के अधिशासी अभियंता चक्रेश जैन ने बताया कि लांचर की लंबाई ज्यादा होने की वजह से उसे उतारने के लिए एहतियात बरती गई, जिसके चलते मार्ग को बंद करना पड़ा। चलते ट्रैफिक के बीच यह काम करना मुमकिन नहीं था।
सड़क निर्माण के लिए बंद किया गया गोशाला अंडरपास पब्लिक ने समय से पहले ही खोल दिया तो अब निगम अफसर इसे बंद करने के मूड में नहीं है। गोशाला अंडरपास अब वाहनों के आवागमन के लिए खुला रहेगा। ऐसे में लाइनपार क्षेत्र के लोगों को बड़ी राहत मिल गई है।
गोशाला अंडरपास की आरसीसी सड़क निर्माण के चलते एक जनवरी को नगर निगम ने अंडरपास के दोनों ओर बेरिकेडिंग लगाकर ट्रैफिक बंद कर दिया था। 31 जनवरी तक के लिए इसे बंद किया गया था। हालांकि सड़क निर्माण एक सप्ताह में ही पूरा हो गया था। अंडरपास बंद होने से परेशानियां हुई तो जनता का सब्र का बांध टूट गया।
24 जनवरी को ही लोगों ने बेरिकेडिंग हटाकर ट्रैफिक चालू कर दिया। हालांकि नगर निगम ने दोबारा अंडरपास बंद कराया और अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई, लेकिन जनता ने इसे फिर खोल दिया। ऐसे में अब नगर निगम अधिकारियों ने भी अंडरपास को बंद नहीं कराया।
निगम अधिकारियों का कहना है कि 31 जनवरी को अंडरपास को खोला ही जाना था, ऐसे में अब दो दिन के लिए बंद कराने से क्या फायदा होगा। अंडरपास खुलने से अब लाइनपार क्षेत्र से पुराने गाजियाबाद क्षेत्र में आने जाने के लिए लोगों को एनएच-24 या नई लिंक रोड का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा।