डेंगू पर नियंत्रण के लिए स्वास्थ्य विभाग ने लोगों का मांगा साथ
गाजियाबाद। जिले में डेंगू के 14 मामले सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर है। विभाग ने लोगों से डेंगू की रोकथाम के लिए सहयोग करने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि बिना लोगों के सहयोग के डेंगू, मलेरिया और चिकिनगुनिया जैसे रोगों पर लगाम लगाना मुश्किल है। नमी के सीजन में मच्छरों को पनपने से रोकना होगा। रोजाना की थोड़ी सी कवायद लोग करें तो इस पर काबू पाया जा सकता है। इसको लेकर निजी अस्पतालों को भी निर्देश जारी किए गए हैं।
सीएमओ डॉ. एनके गप्ता ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से लगातार अभियान चलाकर लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है। जिन घरों में लार्वा मिला है, वहां नोटिस जारी कर लोगाें को बचाव के बारे में बताया भी गया है। इसके अलावा विभाग की ओर से लोगों को जागरूक करने के लिए एडवाइजरी जारी की है। अगर लोग खुद से डेंगू की रोकथाम की कवायद करें और घर या आसपास पानी के जमा होने को रोकें तो मच्छर नहीं पनपेगा। सीएमओ ने बताया कि किसी भी तरह का बुखार होने पर नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य केंद्र पर जाएं। इसके अलावा डेंगू संदिग्ध मरीजों के लिए जिला एमएमजी अस्पताल में निशुल्क एलाइजा जांच की सुविधा भी उपलब्ध है।
अस्पतालों को दिए गए हैं निर्देश : सीएमओ
सीएमओ डॉ. एनके गुप्ता ने बताया कि सभी निजी अस्पतालों को जरूरी निर्देश जारी किए गए हैं। अगर डेंगू और चिकिनगुनिया का मामला सामने आता है तो स्वास्थ्य विभाग को तत्काल इसकी जानकारी दी जाए। अगर अस्पताल ऐसा नहीं करते हैं तो विभाग कार्रवाई करेगा।
ये भी करें उपाय
फिजिशियन डॉ. विनय भट्ट का कहना है कि डेंगू से डरने के बजाय उसका मुकाबला करें। लोग कई उपाय डेंगू के दौरान करते हैं। इनमें से ही कुछ उपाय और भी किए जा सकते हैं। इनमें भरपूर पानी पीएं, पपीते की पत्तियों का रस पीएं, तुलसी के पत्तों का रस, नीम की पत्तियों और संतरे का रस भी डेंगू खत्म करने में मददगार होता है।