अंसल की आरसी जारी, वसूले जाएंगे आठ करोड़
गाजियाबाद। अवंतिका फेज-1 विकास से जुड़े कार्य नहीं कराने पर बिल्डर अंसल हाउसिंग एंड कंस्ट्रक्शन पर नगर निगम ने बड़ी कार्रवाई की है। एनजीटी के साथ मंडलायुक्त के आदेशों का उल्लंघन कर विकास कार्यों को पूरा नहीं कराने पर नगर निगम ने अंसल हाउसिंग एंड कंस्ट्रक्शन लिमिटेड का रिकवरी प्रमाण-पत्र (आरसी) जारी कर दिया है। अब जिला प्रशासन की ओर से अंसल हाउसिंग से 8.27 करोड़ की वसूली प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
अवंतिका कॉलोनी में अवशेष कार्य नहीं कराने पर नगर निगम ने अंसल हाउसिंग के वैशाली स्थित कार्यालय में सीलिंग की कार्रवाई की थी। अपर नगर आयुक्त ने अंसल की आरसी संबंधी आदेश जारी किए हैं। अपर नगरायुक्त प्रमोद कमार ने बताया कि अंसल हाउसिंग की ओर से अवंतिका क्षेत्र में आवासीय कॉलोनी के निर्माण के साथ सीवर के साथ अन्य मूलभूत सुविधाओं को विकसित करना था। लेकिन नियमानुसार विकास कार्य पूर्ण नहीं करने पर पहले राष्ट्रीय हरित अधिकरण ने अप्रैल 2019 को निर्माण कार्य पूर्ण कराए जाने के आदेश दिए। फिर मंडलायुक्त के आदेश पर नगर निगम अधिनियम 1959 की धारा 511 के अंतर्गत बकाया धनराशि की वसूली के लिए रिकवरी प्रमाण-पत्र जारी कर दिया है।
आरडब्ल्यूए की 216.79 करोड़ के अवशेष कार्य कराने की है मांग
अवंतिका रेजीडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष हृदेश कंसल ने कहा कि अंसल की ओर से 2002 के नक्शे के अनुसार 216.79 करोड़ के अवशेष विकास कार्य करवाने की मांग के लिए जीडीए उपाध्यक्ष से की थी, जिसे अनदेखा कर दिया गया। जबकि विकास कार्य पूर्ण न होने से जीडीए ने अब तक कंप्लीशन सर्टिफिकेट नहीं दिया है। मामले में मेरठ मंडलायुक्त द्वारा जीडीए उपाध्यक्ष की अध्यक्षता में गुपचुप तरीके से एक समिति बनाकर 7.39 करोड़ के अवशेष विकास कार्य का प्रस्ताव तैयार किया गया। जिसे मंडलायुक्त ने आनन-फानन में स्वीकृत कर दिया गया। मंडलायुक्त ने आरसी जारी करने के आदेश अक्तूबर 2017 में जारी किए थे। कार्रवाई अब जाकर हुई है। आरसी में अवंतिका के गेट नंबर एक के पास सवा एक एकड़ के पार्क की बाउंड्रीवॉल करने के तो आदेश दिए गए हैं, लेकिन बिल्डर ने अब तक इस पार्क को खरीदा नहीं है। रिवाइज नक्शे में अंसल पर अपनी सुविधा अनुसार पार्कों की लोकेशन के साथ अन्य बदलाव किए हैं।