रंगदारी न देने पर कारोबारी को लूटकर किया अगवा
गाजियाबाद। कविनगर थानाक्षेत्र में रंगदारी न देने पर बदमाशों ने कारोबारी को गन प्वाइंट पर अगवा कर लिया। आदित्य वर्ल्ड सिटी निवासी पीड़ित कारोबारी अंकित सिंह ने बताया कि उनसे व्हाट्सएप पर रंगदारी मांगी गई थी, जिसे उन्होंने नजरअंदाज कर दिया था। अगले ही दिन कार सवार बदमाशों ने उनकी बाइक, मोबाइल व अन्य सामान लूट लिया और उन्हें कार में अगवा करके ले गए। बदमाशों ने रंगदारी न देने पर उन्हें जान से मारने की धमकी दी। बदमाश उन्हें जंगल में छोड़कर भाग गए। घटना की तहरीर मिलने पर केस दर्ज कर कविनगर पुलिस बदमाशों की तलाश रही है।
आदित्य वर्ल्ड सिटी की ग्रेसिमान फ्लॉट सोसायटी में रहने वाले अंकित सिंह का निजी कारोबार है। कविनगर थाने में दर्ज कराई रिपोर्ट के मुताबिक, गत 28 दिसंबर को उनके व्हाट्सएप पर एक अज्ञात नंबर से मेसेज आया। उसमें उनसे रंगदारी मांगी थी। अंकित सिंह का कहना है कि उन्होंने मेसेज को नजरअंदाज कर दिया और अपने काम में जुटे रहे। अगले दिन 29 दिसंबर को वह चिपियाना से काम करके बाइक पर निकले। दोपहर करीब एक बजे वह लालकुआं से हापुड़ की ओर मुड़े। पेट्रोल पंप से अंदर जाने पर सफेद रंग की सेंट्रो कार आकर रुकी। वह कुछ समझ पाते, इससे पहले ही कार सवारों ने उन्हें गन प्वाइंट पर ले लिया। बदमाशों ने उनसे बाइक, मोबाइल, ग्लव्स और जैकेट लूट लिए और उन्हें कार में अगवा कर लिया। रास्ते में बदमाशों ने उन्हें धमकी दी कि अगर रुपये नहीं दिए तो अंजाम भुगतना होगा।
रास्ते में कार बदली, जंगल में छोड़कर भागे बदमाश
अंकित सिंह के मुताबिक, बदमाशों ने रास्ते में उन्हें दूसरी कार में शिफ्ट कर दिया। वह रास्ते में उन्हें धमकाते हुए ले गए। कुछ देर बाद बदमाशों ने उन्हें सुनसान जंगल में छोड़ दिया। वहां उनकी बाइक, मोबाइल व अन्य सामान पहले से था। कारोबारी का कहना है कि बदमाशों ने पहले मोबाइल बंद करके उन्हें लौटा दिया और बाकी सामान भी दे दिया। इसके बाद बदमाश भाग गए।
व्हाट्सएप लोकेशन के जरिये पहुंचे घर
पीड़ित कारोबारी का कहना है कि बदमाशों ने उन्हें जिस जगह छोड़ा, वह उस इलाके के बारे में नहीं जानते थे। जंगल का इलाका होने के कारण वहां लोग भी नहीं दिखाई दे रहे थे। उन्होंने वहां से पहुंचने के लिए व्हाट्सएप पर लोकेशन का इस्तेमाल किया। जैसे-तैसे घर पहुंचने के बाद उन्होंने परिजनों को घटना बताई तो परिवार भी दहशत में आ गया।कविनगर एसएचओ अजय कुमार का कहना है कि पीड़ित ने घटना के तीन दिन बाद मामले की सूचना दी। उसके बाद मामले की जांच की गई। प्रारंभिक जांच के बाद केस दर्ज किया गया है।