सरकार को संविधान की नहीं, कंपनियों की परवाह : राकेश टिकैत
अमर उजाला ब्यूरो
साहिबाबाद। संविधान निर्माता डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती पर बुधवार को भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत केंद्र सरकार पर जमकर बरसे। यूपी गेट पर किसान आंदोलन में उन्होंने कहा कि सरकार को संविधान की नहीं बल्कि कंपनियों की ज्यादा परवाह है। किसानों को पता था कि आने वाले समय में उनकी 70 वर्ष की मेहनत बेकार होगी, खेती को बर्बाद कर और देश को लूटने का काम किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि देश की संस्थाओं में कुछ लोगों को अधिकार दिलाया जा रहा है। कहा कि भाजपा के कई नेता घरों में कैद हैं वह कुछ कह पाने की स्थिति में नहीं हैं। उधर, मंच से भीम आर्मी के संस्थापक चंद्रशेखर ने भी किसानों को एकजुट रहने का आह्वान किया।
मंच से किसानों को संबोधित करते हुए राकेश टिकैत ने कहा कि अब छात्र-छात्राएं अपनी डिग्रियों के लिए घर में फ्रेम तैयार करा लें। क्योंकि हर चीज का निजीकरण हो रहा है। ऐसे में सरकारी नौकरी मिलना मुश्किल है और निजी क्षेत्र में ज्यादा विकल्प नहीं है। उन्होंने कहा कि नौकरी बचाने, परिवार का पालन पोषण करने व जीवन जीने के लिए लड़ाई लड़नी पड़ेगी। उन्होंने इस आंदोलन को श्रमिक किसान और मजदूरों का हक दिलाने का जरिया बताया। किसान बहुजन एकता दिवस के मौके पर उन्होंने कहा कि आंदोलन के साथ साथ किसान खेतों में काम कर रहे हैं। देश का पेट भरने के लिए अन्नदाता अपनी जिम्मेदारी निभा रहा है लेकिन सरकार इस पर ध्यान नहीं दे रही है। राकेश टिकैत ने कहा कि विदेशी कंपनियां कांट्रेक्ट के नाम पर देश में प्रवेश कर रही हैं। ये देश को लूटने आ रही हैं। उन्होंने बिहार के हालात पर तंज कसते हुए कहा कि वहां पर किसान और मजदूर व आढ़तियां परेशान हैं। सरकार ने मंडियां वर्ष 2006 में ही बंद कर दी। किसान मंडी में अपनी फसल ले जाकर बेच सकता था। लेकिन अब मंडी बंद होने से सब बर्बाद हो गए।
उनके बाद भीम आर्मी के संस्थापक चंद्रशेखर ने कहा कि मेरा किसान आंदोलन को शुरू से ही समर्थन है। आज के दिन भी सरकार किसानों की बात नहीं सुन रही। उन्होंने कहा कि आंदोलन को तोड़ने के लिए सभी तरह की साजिश हो रही है। सभी की सहभागिता से ही यह सफल होगा। इससे पहले आंदोलन स्थल पर राकेश टिकैत, जगतार सिंह बाजवा, राजबीर सिंह जादौन, चंद्रशेखर, चौ. ओमपाल मलिक, जितेंद्र सिंह जीतू समेत अन्य किसानों ने डॉ. आंबेडकर की तस्वीर पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया। बहुजन समाजवादी मंच के लोगों ने कौशांबी से यूपी गेट पर रैली निकाली। उधर, राकेश टिकैत से मिलने विदेश से कुछ लोग भी पहुंचे। इसके अलावा खुद को डॉ. आंबेडकर का मानस पुत्र बताने वाले राबर्ट भी राकेश टिकैत से मिलने पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने उनकी एक निर्माणाधीन फिल्म पर रोक लगा दी है। उन्होंने किसानों को अपना समर्थन दिया।