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नाराज स्थानीय लोगों ने रोका चिपियाना आरओबी का निर्माण

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लालकुआँ चिपियाना सम्पर्क मार्ग की माँग को लेकर मेरठ दिल्ली एक्सप्रेस वे का काम रुकवाते स्थानीय ?
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नाराज स्थानीय लोगों ने रोका चिपियाना आरओबी का निर्माण
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गाजियाबाद। चिपियाना गांव को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग को न बनाए जाने से नाराज स्थानीय लोगों ने शुक्रवार को दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे के आरओबी (रेलवे ओवर ब्रिज) का निर्माण कार्य रुकवा दिया। करीब दो घंटे तक स्थानीय लोगों ने निर्माण कार्य नहीं होने दिया। स्थानीय लोगों ने मांग रखी कि पहले सड़क बनाने का लिखित आश्वासन दिया जाए, उसके बाद ही निर्माण होने दिया जाएगा। हंगामे की सूचना पर गौतमबुद्धनगर और गाजियाबाद के पुलिस व प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। लोगों को समझाया कि उनकी मांग को एनएचएआई के सामने रखा जाएगा और उचित समाधान कराया जाएगा। इसके बाद लोग धरना खत्म करने को तैयार हुए।
गौतमबुद्धनगर और गाजियाबाद की सीमा पर बसे चिपियाना गांव के बराबर से दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे बनाया जा रहा है। एक्सप्रेस वे निर्माण के वक्त लालकुआं के बराबर से गांव को जाने वाली सड़क को तोड़ दिया गया था। अब इस हिस्से में एक्सप्रेस वे तैयार हो चुका है, लेकिन उसके बाद भी गांव को जोड़ने वाली सड़क का निर्माण नहीं कराया गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि अब तक करीब 15 बार प्रशासन और एनएचएआई अधिकारियों से वार्ता हो चुकी है, मगर आश्वासन के आगे कोई काम नहीं होता है। अब एनएचएआई पूरी सड़क को बनाने से ही इनकार कर रहा है। इसी से नाराज स्थानीय लोगों ने गांव के समीप बन रहे एक्सप्रेस वे के आरओबी का काम रोक दिया। सूचना पर सिटी मजिस्ट्रेट विपिन कुमार व पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। उधर, गौतमबुद्धनगर बिसरख थाने की पुलिस और एसडीएम दादरी भी मौके पर पहुंचे। स्थानीय निवासी एवं आजाद समाज पार्टी के प्रवक्ता सत्यपाल चौधरी ने पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों से कहा कि एनएचएआई के अधिकारी पूरे मामले में गुमराह कर रहे हैं।
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एक लाख की आबादी वाले गांव के बड़े हिस्से के लोग इस सड़क से गुजरते हैं। सड़क तोड़ते वक्त कहा गया कि एक्सप्रेस वे का निर्माण होने पर बना दिया जाएगा। अब एनएचएआई अधिकारी कह रहे हैं कि यह निर्माण का पार्ट नहीं है। सिटी मजिस्ट्रेट ने कहा कि प्रशासन उनकी मांग को एनएचएआई अधिकारियों के सामने रखेगा। दोनों ही पक्षों की आमने-सामने बैठक कराई जाएगी। उसके बाद गांव की बेहतरी के लिए प्रशासन समाधान निकालने का काम करेगा। इस काम के लिए उन्हें थोड़ा समय चाहिए। इस पर आंदोलन कर रहे लोग सहमत हुए। अब सोमवार को इस मामले में दोबारा से बैठक होगा।
धरना देने वालों में अफजाल चौधरी, सुखबीर सिंह, ज्ञानेंद्र चौधरी, राजू शर्मा, रूप सिंह चौधरी, राकेश शर्मा, शिव कुमार, संजीव आदि शामिल रहे।
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