एसएचओ का कहना है कि लखन यादव अपनी साली पर गलत नजर रखता था। उसके अपनी पत्नी से संबंध ठीक नहीं हैं। पूर्व में कई बार उसने अपनी साली से छेड़छाड़ भी की थी। वह साली से एकतरफा प्यार करता था, लिहाजा किसी भी लड़के से किशोरी का बात करना लखन को अखरता था।
काफी समझाने के बाद भी साली ने अन्य लड़कों से बात करना बंद नहीं किया तो उसने उसे सबक सिखाने की ठानी। आरोपी ने बताया कि उसने डेढ़ महीने पहले ही साली का चेहरा बिगाड़ने की योजना बना ली थी। मौका मिलते ही उसने घटना को अंजाम दे डाला।
फर्रूखनगर से खरीदकर लाया था तेजाब
पुलिस के मुताबिक आरोपी टीला मोड़ थानाक्षेत्र के फर्रूखनगर से तेजाब खरीदकर लाया था। वह शुरू में इंजेक्शन के जरिए मामूली रूप से तेजाब डालना चाहता था। उसने दो इंजेक्शन में तेजाब भरकर भी रख लिया, लेकिन बाद में उसने बोतल से ही तेजाब फेंकने की योजना बनाई। घटना के बाद तेजाब से भरा एक इंजेक्शन लखन की चारपाई पर रखा मिला, जिसको लेकर भी परिजनों को उस पर शक गहरा गया था। वहीं, पुलिस ने पूछताछ के बाद उसकी निशानदेही पर घर के बाहर ईंट केढेर में छिपाई तेजाब की बोतल व दूसरा इंजेक्शन बरामद कर लिया।
पुलिस के मुताबिक चीख-पुकार मचने पर किशोरी के पिता ने लाइट जलाई तो गेट के बाहर सो रहा लखन भी कमरे में आ गया। इसके बाद परिजनों को गुमराह करने के लिए उसने साली पर दूध डालकर बचाने का नाटक किया और फिर खुद ही उसे अस्पताल ले गया। परिजनों को शक न हो सके, इसके लिए वह इलाज के लिए खुद को बेचने की बात भी कह रहा था। लेकिन, आरोपी की पुरानी हरकतों के कारण परिजनों को उस पर शक हो रहा था।
तेजाब की छींटों से जले लोवर ने खोली पोल
चारपाई पर तेजाब भरा इंजेक्शन मिलने के बारे में पूछने पर लखन ने यह कहकर गुमराह किया कि हमला करने वाला शख्स भागते समय इंजेक्शन उसकी चारपाई पर रख गया। इसी बीच पुलिस ने तेजाब की छींटों से उसका लोवर जला देखा तो उससे सख्ती से पूछताछ की गई। वहीं, इंजेक्शन लाकर देने वाले से सामना कराने की बात कही तो लखन सकपका गया और अपना जुर्म कबूल कर लिया। एसएचओ का कहना है कि आरोपी को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।