नया बस अड्डा से मोहन नगर की ओर जाने वाले ट्रैफिक को अभी जाम से निजात नहीं मिलेगी। केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्रालय की एनओसी नहीं मिलने से जीडीए का ग्रेड सेपरेटर निर्माण प्रोजेक्ट अटक गया है।
इसका निर्माण अधूरा होने की वजह से ही न्यू लिंक रोड पर अभी हैवी ट्रैफिक शुरू नहीं किया गया। हालांकि अब जीडीए अधिकारियों ने वन एवं पर्यावरण मंत्रालय की आपत्तियों का निस्तारण कर दिया है।
न्यू लिंक रोड के निर्माण की वजह से ही जीडीए ने मेरठ तिराहे पर ग्रेड सेपरेटर बनाने का प्रोजेक्ट शुरू किया था ताकि एनएच-24 और 58 से आने-जाने वाला ट्रैफिक गाजियाबाद से मोहन नगर जाने वाला ट्रैफिक मेरठ तिराहे पर न फंसे।
ग्रेड सेपरेटर के निर्माण के लिए साईं उपवन के करीब 60 से ज्यादा पेड़ काटे जाने हैं, इसके लिए केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्रालय की एनओसी लेना जरूरी है। जीडीए ने इसके लिए आवेदन कर रखा है, लेकिन मंत्रालय ने इस पर कई आपत्तियां लगा दी थीं।
इसके चलते यह एनओसी अभी तक जारी नहीं की गई है। जीडीए ने साईं उपवन की ओर ग्रेड सेपरेटर का निर्माण रोक दिया है, हालांकि इसके दूसरी ओर एप्रोच रोड का निर्माण अंतिम चरण में है। अब न्यू लिंक रोड के चालू होने से यहां ट्रैफिक संचालन की दिक्कतें और बढ़ सकती हैं।
- अधिकारी बोले
केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्रालय की आपत्तियों का निस्तारण कर दिया गया है। उम्मीद है कि 10 दिन के भीतर एनओसी मिल जाएगी। इसके बाद ग्रेड सेपरेटर का बाकी काम शुरू कर दिया जाएगा। इसका 80 फीसदी काम पहले ही पूरा हो चुका है, बाकी काम पूरा होने में सिर्फ दो महीने का समय लगेगा। - विजय कुमार यादव, उपाध्यक्ष जीडीए